Sugarcane Development Review Meeting: डीएम की अध्यक्षता में गन्ना विकास विभाग एवं चीनी उद्योग की समीक्षा बैठक संपन्न

बलरामपुर, क़मर खान | वेब वार्ता

Sugarcane Development Review Meeting के तहत बलरामपुर कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन की अध्यक्षता में गन्ना विकास विभाग एवं चीनी उद्योग से संबंधित समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद के प्रगतिशील गन्ना कृषकों, गन्ना सहकारी समितियों के अध्यक्षों एवं विभागीय अधिकारियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य गन्ना उत्पादन बढ़ाना, आधुनिक कृषि तकनीकों को बढ़ावा देना तथा किसानों की आय में वृद्धि के लिए प्रभावी रणनीति तैयार करना रहा।

बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने गन्ना किसानों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं और सुझावों को गंभीरता से सुना। उन्होंने कहा कि बदलते कृषि परिदृश्य में वैज्ञानिक खेती, आधुनिक मशीनरी और बेहतर प्रबंधन तकनीकों को अपनाकर गन्ने की उत्पादकता में उल्लेखनीय वृद्धि की जा सकती है।

⚡ संक्षिप्त वार्ता (Quick Info)

  • डीएम डॉ. विपिन कुमार जैन की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित
  • गन्ना उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर विस्तृत चर्चा
  • क्लस्टर आधारित खेती को बढ़ावा देने पर जोर
  • आधुनिक मशीनरी एवं वैज्ञानिक खेती अपनाने की सलाह
  • किसानों को तकनीकी सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश

गन्ना उत्पादन बढ़ाने के लिए आधुनिक तकनीक पर जोर

जिलाधिकारी ने कहा कि गन्ना किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों के प्रति जागरूक करना समय की आवश्यकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसानों को उन्नत खेती के तरीकों, नई तकनीकों और कृषि यंत्रों के उपयोग के बारे में नियमित प्रशिक्षण प्रदान किया जाए।

उन्होंने कहा कि आधुनिक मशीनरी का उपयोग श्रम लागत कम करने के साथ-साथ उत्पादन क्षमता बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

किसानों को दिए गए प्रमुख सुझावबैठक में किसानों को गन्ने की कतार से कतार की दूरी 4 से 5 फीट रखने, यांत्रिक उपकरणों के उपयोग को बढ़ावा देने तथा आधुनिक कृषि पद्धतियों को अपनाने की सलाह दी गई। इससे फसल प्रबंधन आसान होगा और उत्पादन में वृद्धि होगी।

क्लस्टर आधारित खेती से बढ़ेगी उत्पादकता

बैठक में क्लस्टर आधारित खेती को अपनाने पर विशेष चर्चा की गई। अधिकारियों ने बताया कि क्लस्टर मॉडल से किसानों को सामूहिक रूप से संसाधनों का उपयोग करने का अवसर मिलता है, जिससे लागत कम होती है और उत्पादन बढ़ता है।

इसके साथ ही तकनीकी सहायता, बीज, उर्वरक एवं कृषि यंत्रों की उपलब्धता भी अधिक प्रभावी ढंग से सुनिश्चित की जा सकती है।

मुख्य विषयनिर्देश/सुझाव
गन्ना रोपणकतारों के बीच 4-5 फीट दूरी
कृषि यंत्रयांत्रिक उपकरणों का अधिक उपयोग
खेती मॉडलक्लस्टर आधारित खेती
लक्ष्यउत्पादन और आय में वृद्धि

अधिकारियों को दिए गए आवश्यक निर्देश

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि गन्ना किसानों को तकनीकी जानकारी, कृषि परामर्श तथा आवश्यक संसाधनों की उपलब्धता समयबद्ध रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं का त्वरित समाधान किया जाना चाहिए ताकि वे बेहतर उत्पादन प्राप्त कर सकें।

उन्होंने कृषि एवं गन्ना विभाग के अधिकारियों को किसानों के साथ नियमित संवाद बनाए रखने और सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ पहुंचाने के लिए भी निर्देशित किया।

बैठक में रहे उपस्थितबैठक में मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु गुप्ता, जिला गन्ना अधिकारी संजय कुमार, गन्ना समिति अध्यक्ष बलरामपुर रणवीर सिंह रानू, गन्ना समिति अध्यक्ष उतरौला तोताराम वर्मा, प्रदीप सिंह सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

बैठक में किसानों और अधिकारियों ने गन्ना उत्पादन बढ़ाने तथा कृषि क्षेत्र को अधिक लाभकारी बनाने के लिए सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया। अधिकारियों ने विश्वास जताया कि आधुनिक तकनीकों और वैज्ञानिक खेती के माध्यम से जिले में गन्ना उत्पादन को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया जा सकता है।

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