चंडीगढ़, 12 सितंबर (वेब वार्ता)। पंजाब पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने बहबल कलां गोलीकांड मामले में शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष एवं पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल को दोबारा पूछताछ के लिए तलब किया है। एसआईटी इससे पहले भी 20 जुलाई को सुखबीर बादल से पूछताछ कर चुकी है। अब जांच टीम ने मामले से जुड़े कुछ अहम सवालों को लेकर उन्हें फिर से पूछताछ के लिए बुलाया है।
वर्ष 2015 के बहबल कलां गोलीकांड की जांच में यह घटनाक्रम महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है। उस समय गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी की घटनाओं के विरोध में बहबल कलां में धरना चल रहा था। इसी दौरान पुलिस की गोलीबारी में दो लोगों की मौत हो गई थी। इसी मामले से जुड़े घटनाक्रम में कोटकपूरा में भी पुलिस कार्रवाई हुई थी।
तत्कालीन सरकार और पुलिस की भूमिका पर जांच
गोलीकांड के समय सुखबीर सिंह बादल पंजाब के उपमुख्यमंत्री होने के साथ गृह विभाग का प्रभार भी संभाल रहे थे। ऐसे में एसआईटी की जांच में तत्कालीन सरकार और पुलिस प्रशासन की भूमिका से जुड़े सवाल अहम बने हुए हैं।
जांच टीम यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वर्ष 2015 में हुई पुलिस कार्रवाई के दौरान प्रशासनिक और राजनीतिक स्तर पर किस तरह के फैसले लिए गए थे। इसी कड़ी में सुखबीर बादल से दोबारा पूछताछ को जांच की दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
20 जुलाई को भी हुई थी पूछताछ
एसआईटी ने इससे पहले 20 जुलाई को सुखबीर सिंह बादल से मामले को लेकर पूछताछ की थी। अब उन्हें दोबारा बुलाए जाने से संकेत है कि जांच टीम मामले के विभिन्न पहलुओं पर और जानकारी जुटाना चाहती है।
बहबल कलां और कोटकपूरा की घटनाओं को लेकर लंबे समय से जांच और राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा है। ऐसे में एसआईटी की आगे की कार्रवाई पर राजनीतिक दलों के साथ-साथ आम लोगों की भी नजर बनी हुई है।
अकाली दल ने लगाया राजनीतिक बदले का आरोप
सुखबीर बादल को दोबारा पूछताछ के लिए बुलाए जाने पर शिरोमणि अकाली दल ने सरकार और जांच प्रक्रिया पर सवाल उठाए हैं। पार्टी का आरोप है कि इस मामले की जांच को राजनीतिक बदले की कार्रवाई के तौर पर इस्तेमाल किया जा रहा है।
अकाली दल ने यह भी सवाल उठाया कि वर्ष 2015 की घटना के इतने वर्षों बाद भी मामला निर्णायक नतीजे तक क्यों नहीं पहुंच पाया है। पार्टी ने जांच की दिशा और उसकी गति को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
जांच के अगले कदम पर नजर
बहबल कलां गोलीकांड मामले में एसआईटी की ओर से सुखबीर बादल को दोबारा तलब किए जाने के बाद जांच के अगले कदम को लेकर चर्चा तेज हो गई है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि पूछताछ के बाद जांच टीम किस दिशा में आगे बढ़ती है और मामले में आगे क्या कार्रवाई होती है।
वर्षों पुराने इस मामले में तत्कालीन सरकार और पुलिस प्रशासन की भूमिका से जुड़े सवाल अब भी जांच के केंद्र में हैं। ऐसे में सुखबीर सिंह बादल से होने वाली अगली पूछताछ को जांच की प्रगति के लिहाज से अहम माना जा रहा है।




