कानपुर, हरि शंकर शर्मा | वेब वार्ता
लखनऊ में कोचिंग संस्थान में हुए भीषण अग्निकांड के बाद कानपुर प्रशासन और पुलिस ने भी सुरक्षा मानकों को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। Kanpur Fire Safety Drive के तहत शहर के कोचिंग सेंटर, अस्पताल, हॉस्टल, होटल, सिनेमा हॉल, शॉपिंग मॉल और अन्य व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की जांच तेज कर दी गई है। संयुक्त निरीक्षण के दौरान सुरक्षा मानकों में खामियां मिलने पर 40 से अधिक संस्थानों को नोटिस जारी किए गए हैं, जबकि 20 से ज्यादा प्रतिष्ठानों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की गई है।
मंगलवार को पुलिस कमिश्नरेट में आयोजित बहु-विभागीय सुरक्षा गोष्ठी में विभिन्न संस्थानों के संचालकों को अग्नि सुरक्षा, आपातकालीन निकासी व्यवस्था और भवन सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
- लखनऊ अग्निकांड के बाद कानपुर में सुरक्षा जांच अभियान तेज
- 40 से अधिक संस्थानों को फायर विभाग ने जारी किए नोटिस
- 20 से ज्यादा प्रतिष्ठानों पर केडीए की सीलिंग कार्रवाई
- 865 कोचिंग, 490 स्कूल, 490 अस्पताल और 160 हॉस्टल की जांच
Kanpur Fire Safety Drive के तहत बड़े स्तर पर जांच
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार पुलिस, अग्निशमन विभाग, कानपुर विकास प्राधिकरण (KDA) और अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त टीमों ने शहरभर में व्यापक सत्यापन अभियान चलाया है। अब तक 865 कोचिंग संस्थानों, 490 विद्यालयों, 490 अस्पतालों और 160 हॉस्टलों का निरीक्षण किया जा चुका है।
जांच के दौरान कई स्थानों पर फायर सेफ्टी उपकरणों की कमी, आपातकालीन निकासी मार्गों की अनुपलब्धता और भवन मानकों के उल्लंघन जैसी खामियां सामने आईं।
40 से ज्यादा संस्थानों को नोटिस, 20 पर सीलिंग
फायर विभाग ने सुरक्षा मानकों में कमी पाए जाने पर 40 से अधिक संस्थानों को नोटिस जारी किए हैं। वहीं केडीए ने नियमों का गंभीर उल्लंघन करने वाले 20 से ज्यादा प्रतिष्ठानों के खिलाफ सीलिंग की कार्रवाई की है।
अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि निर्धारित समय सीमा के भीतर कमियां दूर नहीं करने वाले संस्थानों पर आर्थिक दंड, सीलिंग और आवश्यक होने पर आपराधिक कार्रवाई भी की जा सकती है।
बेसमेंट में अवैध गतिविधियों पर रहेगा फोकस
बैठक में अधिकारियों ने कहा कि बेसमेंट या अन्य स्थानों पर सुरक्षा मानकों के विपरीत संचालित किसी भी व्यावसायिक गतिविधि को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सभी संस्थानों को अग्नि सुरक्षा मानकों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करना होगा।
सुरक्षा नियमों की अनदेखी करने वाले संस्थानों के खिलाफ आगे भी लगातार अभियान चलाया जाएगा।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने दिए सुरक्षा सुझाव
मुख्य अग्निशमन अधिकारी (CFO) ने संस्थान संचालकों को आग लगने की स्थिति में बचाव उपायों, फायर एक्सटिंग्विशर के उपयोग और सुरक्षित निकासी प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी।
उन्होंने सभी संस्थानों को कर्मचारियों के लिए नियमित फायर सेफ्टी प्रशिक्षण आयोजित करने और अग्निशमन उपकरणों को हमेशा कार्यशील स्थिति में रखने की सलाह दी।
| संस्थान श्रेणी | सत्यापित संख्या |
|---|---|
| कोचिंग संस्थान | 865 |
| विद्यालय | 490 |
| अस्पताल | 490 |
| हॉस्टल | 160 |
बैठक में पुलिस, केडीए, नगर निगम, विद्युत विभाग, डीएसओ और अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने हिस्सा लिया। अधिकारियों का कहना है कि इस अभियान का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि कानपुर के शिक्षण संस्थानों, अस्पतालों, होटलों और व्यावसायिक भवनों को अधिक सुरक्षित बनाना है।
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