लक्ष्मीकान्त पाठक। वेबवार्ता
हरदोई। विजिलेंस जागरूकता अभियान-2026 के अंतर्गत आरसेटी हरदोई में प्रशिक्षुओं के लिए विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य प्रशिक्षुओं को ईमानदारी, सत्यनिष्ठा, पारदर्शिता तथा भ्रष्टाचार की रोकथाम के प्रति जागरूक करते हुए जिम्मेदार एवं सतर्क नागरिक बनने के लिए प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम में बैंक ऑफ इंडिया के विजिलेंस अधिकारी रंजोध सिंह ने भ्रष्टाचार की रोकथाम, सत्यनिष्ठा के महत्व, वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव, साइबर अपराध, डिजिटल धोखाधड़ी और सुरक्षित डिजिटल बैंकिंग के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने प्रशिक्षुओं को बैंक खाते, एटीएम/डेबिट कार्ड, पासवर्ड, ओटीपी सहित अन्य गोपनीय बैंकिंग जानकारी किसी अनधिकृत व्यक्ति से साझा न करने के लिए सचेत किया।
कार्यक्रम में प्रशिक्षुओं के लिए चार्ट निर्माण एवं प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता भी कराई गई, जिसमें करीब 50 प्रशिक्षुओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। उन्होंने भ्रष्टाचार निरोधक जागरूकता, डिजिटल धोखाधड़ी से बचाव और सत्यनिष्ठा जैसे विषयों पर अपनी रचनात्मकता व ज्ञान का प्रदर्शन किया।
आरसेटी हरदोई के निदेशक विक्रांत ओझा ने कहा कि ईमानदारी, अनुशासन, नैतिक मूल्यों और पारदर्शिता को जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाया जाना चाहिए। भ्रष्टाचार की रोकथाम केवल किसी विभाग या संस्था की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है।
कार्यक्रम के माध्यम से प्रशिक्षुओं को “सत्यनिष्ठा से समृद्धि” का संदेश देते हुए व्यक्तिगत एवं व्यावसायिक जीवन में नैतिक मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।




