भोपाल | बिजनेस डेस्क | वेब वार्ता
International MSME Day के उपलक्ष्य में भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) के वित्तीय समावेशन एवं विकास विभाग, भोपाल द्वारा गुरुवार को होटल रेडिसन में महिला उद्यमियों के लिए विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में 150 से अधिक महिला उद्यमियों, बैंकरों, शासकीय अधिकारियों और उद्योग संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। आयोजन का उद्देश्य महिलाओं को MSME क्षेत्र से जुड़ी वित्तीय सुविधाओं, सरकारी योजनाओं, ऋण विकल्पों और उद्यमिता विकास के अवसरों की जानकारी देकर आर्थिक रूप से सशक्त बनाना था।
- अंतरराष्ट्रीय MSME दिवस पर भोपाल में विशेष कार्यक्रम आयोजित।
- 150 से अधिक महिला उद्यमियों और बैंक अधिकारियों ने भाग लिया।
- RBI ने वित्तीय समावेशन और उद्यमिता को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
- महिलाओं को ऋण, सरकारी योजनाओं और वित्तीय संसाधनों की जानकारी दी गई।
- बैंकों और विशेषज्ञों ने MSME फाइनेंस से जुड़े समाधान साझा किए।
- सफल महिला उद्यमियों ने प्रेरणादायी अनुभव साझा किए।
International MSME Day पर महिला उद्यमियों को मिला सशक्तिकरण का मंच
कार्यक्रम का शुभारंभ भारतीय रिज़र्व बैंक के उप महाप्रबंधक विक्रम बी. एस. राजपूत ने किया। उन्होंने कहा कि एमएसएमई क्षेत्र भारत की अर्थव्यवस्था की मजबूती का महत्वपूर्ण आधार है और महिला उद्यमियों को वित्तीय रूप से सक्षम बनाना समय की आवश्यकता है।
कार्यक्रम में विभिन्न सरकारी योजनाओं, बैंकिंग सुविधाओं और उद्यम विस्तार के अवसरों पर विस्तृत जानकारी दी गई, जिससे महिला उद्यमियों को अपने व्यवसाय को आगे बढ़ाने में सहायता मिल सके।
RBI ने MSME क्षेत्र की अहम भूमिका बताई
भारतीय रिज़र्व बैंक, भोपाल की क्षेत्रीय निदेशक सुजाता लाल ने कहा कि सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम भारतीय अर्थव्यवस्था की रीढ़ हैं। रोजगार सृजन, निर्यात वृद्धि और आर्थिक विकास में इस क्षेत्र का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने महिला उद्यमियों से उपलब्ध वित्तीय संसाधनों और सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान करते हुए कहा कि महिलाएं परिवार के साथ-साथ देश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूत बना रही हैं।
| मुख्य बिंदु | विवरण |
|---|---|
| आयोजन | अंतरराष्ट्रीय MSME दिवस विशेष कार्यक्रम |
| स्थान | होटल रेडिसन, भोपाल |
| प्रतिभागी | 150+ महिला उद्यमी, बैंकर और अधिकारी |
| मुख्य विषय | MSME वित्तपोषण, सरकारी योजनाएं, वित्तीय समावेशन |
| प्रमुख संस्थान | RBI, SIDBI, SBI, Bank of India, Central Bank, Union Bank |
बैंकों और विशेषज्ञों ने साझा किए व्यावहारिक समाधान
सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, भारतीय स्टेट बैंक, बैंक ऑफ इंडिया और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया के वरिष्ठ अधिकारियों ने एमएसएमई क्षेत्र के लिए उपलब्ध वित्तीय सहायता और बैंकिंग सेवाओं की जानकारी दी।
भारतीय रिज़र्व बैंक की सहायक महाप्रबंधक पूर्वी श्रीवास्तव ने एमएसएमई वित्तपोषण से जुड़ी नीतियों पर प्रकाश डाला, जबकि एमएसएमई विकास कार्यालय के सहायक निदेशक नीलेश त्रिवेदी ने केंद्र सरकार की योजनाओं और महिला उद्यमियों के लिए उपलब्ध अनुदान की विस्तृत जानकारी दी।
सफल महिला उद्यमियों ने साझा किए अनुभव
कार्यक्रम में महिला उद्यमी दमयंती वर्मा, सपना राय और नर्वदी मालवीय ने अपने संघर्ष और सफलता की प्रेरक कहानियां साझा कीं। उन्होंने बताया कि सीमित संसाधनों के बावजूद निरंतर प्रयास, नवाचार और आत्मविश्वास के बल पर उन्होंने अपने व्यवसाय को सफल बनाया।
उद्यमिता को बढ़ावा देने की दिशा में अहम पहल
कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को वित्तीय साक्षरता, व्यवसाय विस्तार, ऋण सुविधा और सरकारी योजनाओं से संबंधित उपयोगी जानकारी प्रदान की गई। विशेषज्ञों के साथ प्रश्नोत्तर सत्र में महिला उद्यमियों ने अपनी समस्याएं साझा कर समाधान भी प्राप्त किए।
अंतरराष्ट्रीय MSME दिवस पर आयोजित यह पहल महिला उद्यमिता, वित्तीय समावेशन और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।




