मुरादाबाद (वेब वार्ता)
कोचिंग संस्थान ‘स्कॉलर डेन’ और उसके निदेशक विवेक ठाकुर के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए अभिभावक सतीश कुमार आर्य ने मंडलायुक्त, मुरादाबाद मंडल को प्रार्थना पत्र देकर एफआईआर दर्ज कराने और कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि संस्थान ने शिक्षा के नाम पर अभिभावकों से मोटी रकम वसूलने के बाद न तो निर्धारित शैक्षणिक व्यवस्था उपलब्ध कराई और न ही फीस वापस की।
शिकायत के अनुसार, सतीश कुमार आर्य ने अपने पुत्र मृगांक सिंह के प्रवेश के लिए संस्थान को कुल ₹1,51,000 का भुगतान किया। इसमें 8 दिसंबर 2025 को ₹85,000, 1 मई 2026 को ₹30,000 तथा 2 जून 2026 को ₹36,000 की राशि शामिल है। शिकायतकर्ता ने संबंधित रसीदों का भी उल्लेख किया है।
‘कपड़े के शोरूम’ की स्वीकृति, फिर कोचिंग संचालन का आरोप
प्रार्थना पत्र में दावा किया गया है कि जिस भवन में कोचिंग संचालित की जा रही थी, उसे मुरादाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा कपड़े के शोरूम के लिए स्वीकृति दी गई थी। आरोप है कि भवन का उपयोग नियमों के विपरीत कोचिंग संस्थान के रूप में किया गया। शिकायतकर्ता के मुताबिक, एमडीए द्वारा संस्थान को दो माह के लिए सील भी किया गया था। साथ ही अग्निशमन विभाग की ओर से भी सुरक्षा मानकों के उल्लंघन को लेकर कार्रवाई किए जाने का आरोप लगाया गया है।
फीस पूरी, पढ़ाई अधूरी; शिक्षक भी छोड़ गए संस्थान
शिकायतकर्ता का आरोप है कि संस्थान की अव्यवस्थाओं और भुगतान संबंधी विवादों के चलते कई अनुभवी शिक्षक भी संस्थान छोड़ चुके हैं। इससे छात्रों की पढ़ाई बुरी तरह प्रभावित हुई और शैक्षणिक व्यवस्था चरमरा गई। शिकायत के मुताबिक, संस्थान बंद होने और पढ़ाई ठप होने के बाद 10 सितंबर 2026 को फीस तथा ₹5,000 कॉशन मनी वापस करने के लिए लिखित आवेदन दिया गया, लेकिन अब तक रकम वापस नहीं की गई।शिकायतकर्ता ने पूरे मामले की जांच कर एफआईआर दर्ज करने, फीस की रकम वापस कराने तथा छात्रों की सुरक्षा और भविष्य को देखते हुए कठोर कार्रवाई की मांग की है।




