नई दिल्ली | राष्ट्रीय डेस्क | वेब वार्ता
DGCA Ahmedabad Taxiway Deviation मामले में नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) ने अहमदाबाद एयरपोर्ट पर एयर इंडिया और इंडिगो के दो विमानों से जुड़े घटनाक्रम की जानकारी साझा की है। डीजीसीए के अनुसार 24 जून को एयर इंडिया की मुंबई-अहमदाबाद उड़ान लैंडिंग के बाद निर्धारित टैक्सी रूट से भटक गई थी। हालांकि विमान चालक दल ने तुरंत विमान रोक दिया और उसी समय टैक्सीवे पर मौजूद इंडिगो का विमान भी रुक गया। दोनों विमानों के बीच पर्याप्त सुरक्षित दूरी बनी रही और किसी प्रकार की टक्कर या सुरक्षा संबंधी खतरा उत्पन्न नहीं हुआ। पूरे मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
- 24 जून को अहमदाबाद एयरपोर्ट पर टैक्सीवे विचलन की घटना हुई।
- एयर इंडिया की AI2493 उड़ान निर्धारित मार्ग से आगे बढ़ गई।
- इंडिगो की 6E-5160 उड़ान उसी टैक्सीवे पर मौजूद थी।
- दोनों विमानों को समय रहते रोक दिया गया।
- दोनों विमानों के बीच पर्याप्त सुरक्षित दूरी बनी रही।
- डीजीसीए ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
DGCA Ahmedabad Taxiway Deviation में क्या हुआ?
डीजीसीए की प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार एयर इंडिया का ए320 विमान (VT-TQV) मुंबई से अहमदाबाद पहुंचने के बाद रनवे-23 पर उतरा। रनवे खाली करने के बाद विमान को टैक्सीवे ‘C’ से होते हुए टैक्सीवे ‘P’ और फिर टैक्सीवे ‘G’ के जरिए इंटरनेशनल एप्रन तक जाने की अनुमति दी गई थी। लेकिन विमान टैक्सीवे ‘G’ की ओर मुड़ने के बजाय टैक्सीवे ‘P’ पर आगे बढ़ गया। चालक दल ने स्थिति का एहसास होते ही विमान को तत्काल रोक दिया।
इंडिगो विमान भी उसी टैक्सीवे पर था
लगभग उसी समय इंडिगो का ए320 विमान (VT-IST) उड़ान संख्या 6E-5160 अहमदाबाद से मुंबई के लिए प्रस्थान की तैयारी में टैक्सीवे ‘P’ पर आगे बढ़ रहा था। एयर इंडिया विमान के रुकने के साथ ही इंडिगो विमान को भी रोक दिया गया। इसके बाद एयर इंडिया के विमान को टो करके पार्किंग स्टैंड तक ले जाया गया।
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| घटना की तारीख | 24 जून 2026 |
| स्थान | अहमदाबाद एयरपोर्ट |
| एयर इंडिया उड़ान | AI2493 (मुंबई–अहमदाबाद) |
| इंडिगो उड़ान | 6E-5160 (अहमदाबाद–मुंबई) |
| स्थिति | दोनों विमानों के बीच सुरक्षित दूरी बनी रही |
| जांच | डीजीसीए द्वारा जारी |
डीजीसीए ने क्या कहा?
नागरिक उड्डयन महानिदेशालय ने स्पष्ट किया है कि दोनों विमानों के बीच पर्याप्त दूरी मौजूद थी और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं हुआ। एहतियात के तौर पर घटना की विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है ताकि टैक्सीवे विचलन के कारणों का पता लगाया जा सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
हाल के वर्षों में विमानन सुरक्षा को लेकर नियामक एजेंसियां लगातार सतर्क रही हैं। टैक्सीवे संचालन, एयर ट्रैफिक कंट्रोल समन्वय और पायलट प्रक्रियाओं से जुड़े प्रत्येक मामले की विस्तृत जांच की जाती है ताकि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता बनी रहे।




