भोपाल, 10 अगस्त (वेब वार्ता)। राजधानी भोपाल में देर रात से हो रही तेज बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। लगातार बारिश के कारण शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। शिवनगर कॉलोनी समेत कई स्थानों पर सड़कें पानी में डूब गईं, जबकि कई घरों में पानी घुसने से लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कुछ इलाकों में पानी कमर तक पहुंच गया, जिससे लोगों का घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया।
शिवनगर कॉलोनी में हालात सबसे ज्यादा खराब बताए जा रहे हैं। यहां सड़कों पर काफी मात्रा में पानी जमा होने के कारण लोगों को अपने घरों से पानी निकालने के लिए खुद मशक्कत करनी पड़ी। कैलाश नगर और बैरागढ़ स्थित साईं बाबा रेसीडेंसी में भी भारी जलभराव की स्थिति बनी रही।
बैरसिया मार्ग पर आवाजाही रोकी
भारी बारिश के कारण भोपाल-बैरसिया मार्ग स्थित ईंटखेड़ी सड़क पुल के ऊपर पानी पहुंच गया। सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने इस मार्ग पर आवागमन रोक दिया है। पुलिस और राजस्व विभाग की टीम मौके पर मौजूद रहकर स्थिति पर नजर रख रही है।
हुजूर के अनुविभागीय अधिकारी विनोद सोनकिया के अनुसार, पुल के ऊपर पानी आने के कारण सुरक्षा की दृष्टि से यातायात रोकने का निर्णय लिया गया है। प्रशासन की ओर से लोगों से इस मार्ग पर जाने से बचने की अपील की गई है।
जेल रोड और विमानतल मार्ग पर भी जलभराव
शहर के नयापुरा स्थित जेल रोड के श्मशान घाट में भी बारिश का पानी भर गया। जेल रोड के वार्ड-75 स्थित कंफर्ट ग्रीन कॉलोनी के रहवासियों ने जल निकासी व्यवस्था को लेकर चिंता जताई है। उनका कहना है कि सड़क पर इतना पानी भर गया कि पूरा मार्ग तालाब में तब्दील हो गया।
रहवासियों के मुताबिक, यदि बारिश का सिलसिला जारी रहा तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। इंद्रविहार कॉलोनी और विमानतल मार्ग पर भी भारी जलभराव देखने को मिला। कई स्थानों पर सड़कें और नालियां पानी से पूरी तरह भर गईं।
विद्यार्थियों के लिए आज अवकाश
लगातार बारिश और जलभराव को देखते हुए भोपाल जिले में नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों के लिए सोमवार को अवकाश घोषित किया गया है। जिलाधिकारी के निर्देश पर जिला शिक्षा अधिकारी ने इस संबंध में आदेश जारी किया।
अवकाश का आदेश जिले के सभी सरकारी, निजी और अनुदान प्राप्त विद्यालयों पर लागू होगा। हालांकि, विद्यालयों के शिक्षकों और कर्मचारियों को निर्धारित समय पर अपने विद्यालय पहुंचना होगा।
प्रशासन ने यह निर्णय विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है, ताकि जलभराव और खराब मौसम के बीच उन्हें आवागमन में किसी प्रकार की परेशानी न हो।
विश्वास सारंग ने जलभराव वाले क्षेत्रों का किया दौरा
भारी बारिश के बीच मंत्री विश्वास सारंग ने सुबह से ही नरेला विधानसभा क्षेत्र के जलभराव वाले इलाकों का दौरा किया। उन्होंने महामाई बाग, राजेंद्र नगर सहित विभिन्न क्षेत्रों में पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया।
मंत्री ने नगर निगम और जिला प्रशासन के अधिकारियों को प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री और राशन उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने जलभराव वाले क्षेत्रों में नाले-नालियों की तत्काल सफाई कराने को भी कहा।
सफाई व्यवस्था में लापरवाही मिलने पर मंत्री ने नगर निगम के कर्मचारियों को फटकार लगाई और अधिकारियों को निर्देश दिया कि जलभराव के कारण रहवासियों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।
जल निकासी व्यवस्था पर उठे सवाल
भोपाल में तेज बारिश के बाद जगह-जगह हुए जलभराव ने एक बार फिर शहर की जल निकासी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। कई इलाकों में सड़कें जलमग्न होने, घरों में पानी घुसने और प्रमुख मार्गों पर यातायात रोकने की स्थिति ने प्रशासनिक तैयारियों की परीक्षा ले ली है।
निचले इलाकों में रहने वाले लोगों की चिंता इस बात को लेकर बढ़ गई है कि यदि बारिश लगातार जारी रही तो जलस्तर और बढ़ सकता है। प्रशासन और नगर निगम की टीमें प्रभावित क्षेत्रों में जल निकासी और राहत कार्यों में जुटी हैं।
फिलहाल प्रशासन की प्राथमिकता जलभराव वाले क्षेत्रों से पानी निकालने, यातायात व्यवस्था को सुरक्षित बनाए रखने और प्रभावित लोगों तक आवश्यक सहायता पहुंचाने की है।




