जम्मू | राष्ट्रीय डेस्क | वेब वार्ता
Project Hawk Eye Amarnath Yatra के तहत जम्मू-कश्मीर पुलिस ने आगामी अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने के लिए अत्याधुनिक तकनीक आधारित निगरानी प्रणाली ‘प्रोजेक्ट हॉक आई’ शुरू की है। इस नई व्यवस्था के जरिए यात्रा मार्ग पर 24 घंटे निगरानी रखी जाएगी। पुलिस ने बताया कि यात्रा मार्ग की हवाई निगरानी के लिए पांच ड्रोन यूनिट तैनात की गई हैं। इस वर्ष वार्षिक अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होगी।
- जम्मू-कश्मीर पुलिस ने ‘प्रोजेक्ट हॉक आई’ शुरू किया।
- अमरनाथ यात्रा मार्ग पर 24 घंटे निगरानी रखी जाएगी।
- हवाई निगरानी के लिए पांच ड्रोन यूनिट तैनात की गई हैं।
- 3 जुलाई से शुरू होगी वार्षिक अमरनाथ यात्रा।
- सुरक्षा तैयारियों के तहत विभिन्न स्थानों पर मॉक ड्रिल आयोजित।
- पुलिस, बीएसएफ और सीआईएसएफ ने संयुक्त तलाशी अभियान चलाया।
Project Hawk Eye Amarnath Yatra क्या है?
‘प्रोजेक्ट हॉक आई’ जम्मू-कश्मीर पुलिस की तकनीक आधारित निगरानी प्रणाली है, जिसका उद्देश्य अमरनाथ यात्रा मार्ग की सुरक्षा को और अधिक प्रभावी बनाना है। इस परियोजना के तहत यात्रा मार्ग पर चौबीसों घंटे निगरानी रखी जाएगी, जिससे किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके।
यात्रा मार्ग की हवाई निगरानी के लिए पांच ड्रोन यूनिट तैनात की गई हैं, जो संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी करेंगी और सुरक्षा एजेंसियों को वास्तविक समय में जानकारी उपलब्ध कराएंगी।
सुरक्षा व्यवस्था से जुड़े प्रमुख तथ्य
| मुख्य बिंदु | विवरण |
|---|---|
| सुरक्षा परियोजना | Project Hawk Eye |
| मुख्य उद्देश्य | यात्रा मार्ग की 24×7 निगरानी |
| ड्रोन यूनिट | 5 |
| यात्रा प्रारंभ | 3 जुलाई |
| अतिरिक्त तैयारी | मॉक ड्रिल और संयुक्त तलाशी अभियान |
यात्रा से पहले मॉक ड्रिल और संयुक्त अभियान
अमरनाथ यात्रा शुरू होने से पहले सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए विभिन्न स्थानों पर मॉक ड्रिल आयोजित की गई। इन अभ्यासों का उद्देश्य किसी भी आपात स्थिति से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए सुरक्षा बलों की तैयारियों को परखना था।
जम्मू जिले के आर.एस. पुरा सीमा क्षेत्र में जम्मू-कश्मीर पुलिस ने सीमा सुरक्षा बल (BSF) और केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF) के साथ संयुक्त तलाशी अभियान भी चलाया, ताकि यात्रा से पहले सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किया जा सके।
सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क
जम्मू-कश्मीर पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां अमरनाथ यात्रा को शांतिपूर्ण और सुरक्षित बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां कर रही हैं। आधुनिक तकनीक के उपयोग के साथ संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
प्रशासन का कहना है कि यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी और सभी सुरक्षा व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जाएगी।




