बारामती, 11 मई (वेब वार्ता)। महाराष्ट्र के पुणे जिले की बारामती विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। सोमवार को महाराष्ट्र की उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार ने नामांकन दाखिल करते हुए कहा कि वह अपने दिवंगत पति अजित पवार के विकास कार्यों की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए चुनाव मैदान में उतरी हैं।
नामांकन दाखिल करने के दौरान महायुति गठबंधन ने शक्ति प्रदर्शन भी किया। इस मौके पर राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता सुनील तटकरे, प्रफुल्ल पटेल, छगन भुजबल, धनंजय मुंडे और हसन मुश्रीफ मौजूद रहे। वहीं शिवसेना नेता और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे तथा भाजपा नेता चंद्रशेखर बावनकुले ने भी सुनेत्रा पवार के समर्थन में उपस्थिति दर्ज कराई।
नामांकन के बाद सुनेत्रा पवार ने भावुक अंदाज में बारामती की जनता से समर्थन की अपील की। उन्होंने कहा कि जिस प्रकार लोगों ने वर्षों तक अजित पवार को अपना आशीर्वाद और समर्थन दिया, उसी तरह अब उन्हें भी सहयोग मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि अजित पवार का निधन केवल उनके परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे महाराष्ट्र के लिए बड़ी क्षति है।
सुनेत्रा पवार ने भरोसा दिलाया कि बारामती के विकास कार्यों की गति थमेगी नहीं। उन्होंने कहा कि किसानों को पानी उपलब्ध कराने, शहर को सुरक्षित बनाने और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में प्रयास लगातार जारी रहेंगे। उन्होंने कहा कि अजित पवार ने अपना पूरा जीवन बारामती की जनता की सेवा में समर्पित कर दिया था।
अपने संबोधन में उन्होंने वरिष्ठ नेता शरद पवार का भी उल्लेख किया और कहा कि वह एक मजबूत राजनीतिक परिवार से आती हैं तथा अब बारामती की जिम्मेदारी संभालने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उनके अनुसार अजित पवार के लिए बारामती केवल एक राजनीतिक क्षेत्र नहीं, बल्कि मां के समान थी।
दूसरी ओर कांग्रेस ने इस सीट पर आकाश मोरे को उम्मीदवार बनाया है। हालांकि सत्ताधारी महायुति गठबंधन चाहता था कि यह चुनाव निर्विरोध हो, लेकिन कांग्रेस ने चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि लोकतंत्र में चुनाव लड़ना हर राजनीतिक दल का अधिकार है।
उपचुनाव को लेकर दोनों पक्षों के बीच बयानबाजी भी तेज हो गई है। एनसीपी नेता पार्थ पवार ने कांग्रेस को चुनाव लड़ने के फैसले पर राजनीतिक कीमत चुकाने की चेतावनी दी। इस बयान पर शरद पवार ने नाराजगी जताते हुए कहा कि राजनीति में बयान देते समय परिपक्वता जरूरी होती है और कांग्रेस को चुनाव लड़ने का पूरा अधिकार है।
कांग्रेस ने भी पार्थ पवार के बयान पर पलटवार करते हुए उन्हें ‘अकृतज्ञ बेटा’ बताया और कहा कि जो लोग सत्ता के सामने झुक गए हैं, उन्हें दूसरों पर टिप्पणी करने से बचना चाहिए।
गौरतलब है कि यह उपचुनाव 28 जनवरी को हुए विमान हादसे में अजित पवार के निधन के बाद कराया जा रहा है। उनके निधन के बाद 31 जनवरी को सुनेत्रा पवार को महाराष्ट्र की पहली महिला उपमुख्यमंत्री बनाया गया था। अब वह बारामती सीट से चुनाव लड़कर अजित पवार की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रही हैं।




