राष्ट्रीय‘जॉब नहीं मिलेगा, तो सिंहासन हिलेगा’, प्रयागराज कार्यक्रम...

‘जॉब नहीं मिलेगा, तो सिंहासन हिलेगा’, प्रयागराज कार्यक्रम से पहले राहुल गांधी का सरकार पर हमला

नई दिल्ली, 04 अगस्त (वेब वार्ता)। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने बेरोजगारी, सरकारी भर्तियों में देरी और प्रश्नपत्र लीक के मुद्दे को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि यदि युवाओं को रोजगार नहीं मिलेगा तो इसका असर सत्ता पर भी पड़ेगा। राहुल गांधी ने यह टिप्पणी कांग्रेस के ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के तहत 8 अगस्त को प्रयागराज में आयोजित होने वाले कार्यक्रम से पहले की।

सामाजिक माध्यम एक्स पर साझा किए गए संदेश में राहुल गांधी ने लिखा, “जॉब नहीं मिलेगा, तो सिंहासन हिलेगा।” उन्होंने कहा कि कोटा और देहरादून के बाद अब यह अभियान प्रयागराज पहुंचेगा, जहां बड़ी संख्या में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के बीच संवाद किया जाएगा।

राहुल गांधी ने कहा कि प्रयागराज ऐसा शहर है, जहां लाखों युवा विभिन्न सरकारी नौकरियों की तैयारी करते हैं, आवेदन भरते हैं, परीक्षा शुल्क जमा करते हैं और वर्षों तक भर्ती प्रक्रियाओं के पूरा होने का इंतजार करते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रश्नपत्र लीक की घटनाओं ने युवाओं के वर्तमान को प्रभावित किया है, जबकि लंबित भर्ती प्रक्रियाओं ने उनके भविष्य को अनिश्चित बना दिया है।

उन्होंने हाल के छात्र आंदोलनों का उल्लेख करते हुए दावा किया कि दिल्ली में अपने अधिकारों की मांग कर रहे छात्रों पर लाठीचार्ज और पैलेट गन का इस्तेमाल किया गया। राहुल गांधी ने कहा कि कांग्रेस युवाओं और छात्रों की आवाज उठाती रहेगी तथा उन्हें न्याय दिलाने के लिए संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने सरकार से भर्ती प्रक्रियाओं और प्रश्नपत्र लीक के मामलों में जवाबदेही तय करने की भी मांग की।

छात्रों के लिए सहायता हेल्पलाइन शुरू

इस बीच भारतीय युवा कांग्रेस ने छात्रों और युवाओं के लिए एक हेल्पलाइन शुरू करने की घोषणा की है। संगठन का कहना है कि इस हेल्पलाइन के माध्यम से आंदोलन या विरोध-प्रदर्शनों में भाग लेने वाले छात्रों को कानूनी और संगठनात्मक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।

युवा कांग्रेस के अनुसार, 20 जुलाई को हुए विरोध-प्रदर्शनों के बाद ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के तहत बड़ी संख्या में छात्रों और युवाओं से शिकायतें प्राप्त हुई हैं। संगठन का दावा है कि कई छात्रों ने आंदोलन में भाग लेने के कारण धमकियां मिलने, सामाजिक माध्यमों पर दुर्व्यवहार, उत्पीड़न तथा उनके परिजनों को परेशान किए जाने की शिकायत दर्ज कराई है।

संगठन ने छात्रों और युवाओं से अपील की है कि यदि उन्हें किसी प्रकार की धमकी, ऑनलाइन उत्पीड़न या उनके परिवार को निशाना बनाए जाने जैसी स्थिति का सामना करना पड़ता है, तो वे हेल्पलाइन के माध्यम से संपर्क कर सहायता प्राप्त कर सकते हैं।

कांग्रेस का यह अभियान ऐसे समय में आयोजित किया जा रहा है, जब रोजगार, भर्ती परीक्षाओं की पारदर्शिता और प्रश्नपत्र लीक जैसे मुद्दे देश के विभिन्न राज्यों में लगातार राजनीतिक और सामाजिक चर्चा का विषय बने हुए हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img
- Advertisement -spot_img

Latest

- Advertisement -spot_img
- Advertisement -

More articles

- Advertisement -
- Advertisement -