हरदोई, 22 जुलाई (वेब वार्ता)। दिल्ली में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को हिरासत में लिए जाने की सूचना के विरोध में बुधवार को हरदोई में समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जोरदार प्रदर्शन किया। सिनेमा चौराहे पर एकत्र हुए कार्यकर्ताओं ने धरना देकर सरकार और पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। बाद में प्रदर्शनकारी जुलूस की शक्ल में कलेक्ट्रेट पहुंचे, जहां गेट संख्या-2 के सामने धरने पर बैठ गए।
धरने की सूचना मिलते ही मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाने का प्रयास किया, जिसके दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। हालांकि बाद में स्थिति नियंत्रित रही और प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से जारी रहा।
प्रदर्शन के दौरान समाजवादी पार्टी के नेताओं ने नीट परीक्षा से जुड़े विवादों की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। साथ ही केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग उठाते हुए केंद्र और प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई।
पूर्व सांसद उषा वर्मा ने कहा कि छात्रों की आवाज उठाने वाले नेताओं को हिरासत में लेना लोकतांत्रिक मूल्यों के विरुद्ध है। वहीं, पूर्व विधायक राजेश्वरी देवी ने परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने और छात्रों के हितों की रक्षा के लिए निष्पक्ष कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर दिया।
प्रदर्शन की सूचना पर सिटी मजिस्ट्रेट संजय कुमार और क्षेत्राधिकारी अजीत सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से वार्ता कर उनकी मांगों को सुना। प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत के बाद धरना शांतिपूर्ण ढंग से समाप्त हो गया तथा क्षेत्र में सामान्य स्थिति बहाल हो गई।
प्रदर्शन में पूर्व सांसद उषा वर्मा, पूर्व जिलाध्यक्ष पदमराज सिंह ‘पम्मू’, पूर्व विधायक राजेश्वरी देवी, हरिनाम सिंह यादव, रामज्ञान गुप्ता, रहमत अली, सुधीर गुप्ता ‘मिन्ना’, संजय यादव, शाहिद अहमद, अवनीश यादव, धर्मेंद्र यादव ‘दीपू’, शुभम गुप्ता, श्याम गुप्ता, धीरज, मजरूल सहित समाजवादी पार्टी के बड़ी संख्या में नेता और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।




