पणजी | खेल डेस्क | वेब वार्ता
Asia Cup Bridge Championship में मेजबान भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए तीन रजत और एक कांस्य पदक जीतकर अपना अभियान सफलतापूर्वक समाप्त किया। गोवा के पणजी में आयोजित पांचवीं एशिया कप ब्रिज चैंपियनशिप में भारतीय खिलाड़ियों ने विभिन्न वर्गों में बेहतरीन खेल का प्रदर्शन किया। सीनियर्स टीम, महिला युगल और सीनियर्स युगल वर्ग में भारत ने रजत पदक हासिल किए, जबकि पुरुष टीम स्पर्धा में कांस्य पदक अपने नाम किया। इस प्रदर्शन ने अंतरराष्ट्रीय ब्रिज प्रतियोगिताओं में भारत की बढ़ती मजबूती को एक बार फिर साबित किया।
- भारत ने एशिया कप ब्रिज चैंपियनशिप में कुल चार पदक जीते।
- तीन रजत और एक कांस्य पदक भारत की झोली में आए।
- सीनियर्स टीम ने फाइनल तक का शानदार सफर तय किया।
- महिला और सीनियर्स युगल वर्ग में भी भारत को रजत पदक मिला।
- पुरुष टीम स्पर्धा में भारत-ए ने कांस्य पदक जीता।
- फ्रेंडशिप पेयर्स प्रतियोगिता में भारत ने स्वर्ण और कांस्य पदक भी जीते।
Asia Cup Bridge Championship में सीनियर्स टीम का शानदार प्रदर्शन
भारतीय दल की सबसे बड़ी सफलता सीनियर्स टीम स्पर्धा में देखने को मिली। भारत-बी टीम ने लीग चरण में शीर्ष स्थान हासिल किया और सेमीफाइनल में जापान को मात्र एक अंक के अंतर से हराकर फाइनल में प्रवेश किया।
फाइनल मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारतीय खिलाड़ियों ने कड़ा संघर्ष किया, लेकिन अंततः टीम को रजत पदक से संतोष करना पड़ा। सुकामल दास, हेमंत जालान, जितेंद्र सोलानी, अनिल पाध्ये, राजेश दलाल और राजू टोलानी ने पूरे टूर्नामेंट में शानदार खेल दिखाया।
भारत के पदकों का विवरण
| स्पर्धा | पदक |
|---|---|
| सीनियर्स टीम (भारत-बी) | रजत |
| महिला युगल | रजत |
| सीनियर्स युगल | रजत |
| पुरुष टीम (भारत-ए) | कांस्य |
युगल वर्ग में भी भारतीय खिलाड़ियों ने दिखाई दमदार चुनौती
महिला युगल वर्ग में सवलीन ठडानी और साधना गुप्ता की जोड़ी ने शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक जीता। वहीं सीनियर्स युगल वर्ग में सुबीर मजूमदार और सुजीत कुमार भट्टाचार्य ने भी रजत पदक हासिल कर भारत की पदक संख्या बढ़ाई।
पुरुष टीम स्पर्धा में भारत-ए ने कांस्य पदक जीतकर भारतीय अभियान को और मजबूत बनाया।
अन्य वर्गों में किसने जीते खिताब?
चैंपियनशिप के विभिन्न टीम वर्गों में सीनियर्स का खिताब ऑस्ट्रेलिया ने जीता। पुरुष वर्ग में हांगकांग चीन, महिला वर्ग में इंडोनेशिया और मिश्रित टीम वर्ग में चीन विजेता रहा।
भारत का बहु-आयामी प्रदर्शन यह दर्शाता है कि एशियाई स्तर पर भारतीय ब्रिज खिलाड़ी लगातार नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहे हैं और आने वाले अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंटों में भी उनसे बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की जा सकती है।




