नई दिल्ली, 12 जून (वेब वार्ता)। मान्यता प्राप्त पत्रकार एसोसिएशन (पंजीकृत) ने दिल्ली के मान्यता प्राप्त पत्रकारों की लंबे समय से लंबित मांगों को शीघ्र पूरा करने की मांग करते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को ज्ञापन भेजा है। एसोसिएशन का कहना है कि पत्रकार लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में शासन और जनता के बीच महत्वपूर्ण सेतु की भूमिका निभाते हैं, इसलिए उनके कल्याण और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दों पर सरकार को प्राथमिकता के आधार पर निर्णय लेना चाहिए।
एसोसिएशन के अध्यक्ष विजय शंकर चतुर्वेदी द्वारा भेजे गए ज्ञापन में कहा गया है कि मान्यता प्राप्त पत्रकारों तथा उनके आश्रित परिवारजनों के लिए सभी सरकारी और सूचीबद्ध अस्पतालों में नकदरहित चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जानी चाहिए। उनका कहना है कि आपात परिस्थितियों में उपचार के दौरान पत्रकारों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, जिसे ऐसी व्यवस्था के माध्यम से दूर किया जा सकता है।
ज्ञापन में वरिष्ठ पत्रकारों के लिए पेंशन योजना लागू करने की भी मांग की गई है। इसमें उल्लेख किया गया है कि देश के अनेक राज्यों में 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ पत्रकारों को प्रतिमाह 15 हजार से 20 हजार रुपये तक की पेंशन प्रदान की जा रही है, जबकि दिल्ली के वरिष्ठ पत्रकार अब तक इस सुविधा से वंचित हैं। ऐसे में दिल्ली सरकार से 60 वर्ष से अधिक आयु के मान्यता प्राप्त वरिष्ठ पत्रकारों के लिए प्रतिमाह 20 हजार रुपये पेंशन देने की व्यवस्था लागू करने का आग्रह किया गया है।
एसोसिएशन ने दिल्ली मान्यता समिति के गठन में हो रही देरी का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया है। ज्ञापन के अनुसार, पिछले दो वर्षों से समिति का गठन नहीं होने के कारण बड़ी संख्या में पत्रकारों के मान्यता पत्र जारी होने और उनके नवीनीकरण के मामले लंबित पड़े हैं। इससे पत्रकारों को अपने पेशेवर दायित्वों के निर्वहन में अनेक व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री से आग्रह किया है कि दिल्ली मान्यता समिति का तत्काल गठन कर लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए, ताकि पत्रकारों को राहत मिल सके और वे निर्बाध रूप से अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकें।
इस संबंध में विजय शंकर चतुर्वेदी ने कहा कि पत्रकार लोकतंत्र की मजबूती, पारदर्शिता और जनहित की रक्षा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उनके स्वास्थ्य, सामाजिक सुरक्षा और पेशेवर अधिकारों से जुड़े मामलों का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाना चाहिए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि दिल्ली सरकार पत्रकार हित में इन मांगों पर सकारात्मक निर्णय लेकर पत्रकार समुदाय को आवश्यक राहत प्रदान करेगी।




