-अफसरों-कर्मचारियों से सार्वजनिक परिवहन अपनाने की अपील
कानपुर, 13 मई (हरी शंकर शर्मा)। पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की बढ़ती खपत के बीच देशव्यापी ऊर्जा संरक्षण अभियान को गति देते हुए प्रधानमंत्री के आह्वान पर कानपुर नगर निगम ने बड़ा कदम उठाया है। शहर की महापौर ने ईंधन बचत का संदेश देते हुए अपना स्कॉर्ट वाहन छोड़ दिया है और नगर निगम अधिकारियों-कर्मचारियों से भी अनावश्यक वाहन प्रयोग कम करने की अपील की है। महापौर ने नगर आयुक्त को निर्देशित किया है कि नगर निगम में संचालित सभी सरकारी एवं आउटसोर्स वाहनों का आवश्यकता के आधार पर परीक्षण किया जाए और केवल जरूरी कार्यों में ही उनका उपयोग सुनिश्चित हो। साथ ही अनावश्यक रूप से वाहनों के संचालन पर प्रभावी नियंत्रण रखने को कहा गया है, ताकि सरकारी संसाधनों के साथ-साथ ईंधन की भी बचत हो सके।
नगर निगम प्रशासन ने अधिकारियों और कर्मचारियों से स्पष्ट रूप से कहा है कि जहां मेट्रो, सिटी बस, टेम्पो अथवा अन्य सार्वजनिक परिवहन सुविधाएं उपलब्ध हैं, वहां निजी वाहनों के बजाय सार्वजनिक परिवहन का उपयोग किया जाए। महापौर ने कहा कि यदि सरकारी तंत्र स्वयं ईंधन बचत का उदाहरण प्रस्तुत करेगा तो आम नागरिक भी इससे प्रेरित होंगे। उन्होंने शहरवासियों से भी अपील की कि देशहित और पर्यावरण संरक्षण को ध्यान में रखते हुए पेट्रोल और डीजल की खपत कम करें। कार पूलिंग, सार्वजनिक परिवहन और अनावश्यक यात्रा से बचने जैसे उपाय अपनाकर नागरिक ऊर्जा संरक्षण अभियान में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करें। नगर निगम की इस पहल को प्रशासनिक सादगी, पर्यावरण संरक्षण और जिम्मेदार ऊर्जा उपयोग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रशासन का मानना है कि छोटे-छोटे प्रयास भविष्य में बड़े बदलाव का आधार बन सकते हैं।




