नोएडा | राष्ट्रीय डेस्क | वेब वार्ता
Theatre in Education Workshop के तहत जेपी पब्लिक स्कूल, नोएडा में बुधवार से एक माह की विशेष कार्यशाला का शुभारंभ हुआ। भारत सरकार के उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज (संस्कृति मंत्रालय) और जेपी पब्लिक स्कूल के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित यह कार्यशाला 1 जुलाई से 30 जुलाई 2026 तक चलेगी। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास, रचनात्मक सोच, संप्रेषण कौशल और टीम भावना को रंगमंच के माध्यम से विकसित करना है।
- जेपी पब्लिक स्कूल, नोएडा में ‘शिक्षा में रंगमंच’ कार्यशाला शुरू।
- कार्यशाला 1 जुलाई से 30 जुलाई 2026 तक आयोजित होगी।
- उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र और विद्यालय का संयुक्त आयोजन।
- विद्यार्थियों को अभिनय, वाचन और मंचीय प्रस्तुति का प्रशिक्षण मिलेगा।
- कार्यशाला का उद्देश्य व्यक्तित्व और संप्रेषण कौशल का विकास है।
- प्रशिक्षण का संचालन रंगमंच विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में किया जाएगा।
Theatre in Education Workshop से विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास पर जोर
कार्यशाला के दौरान विद्यार्थियों को अभिनय, वाचन, शारीरिक अभिव्यक्ति, आवाज़ के प्रभावी उपयोग, इम्प्रोवाइजेशन, नाट्य खेल तथा मंचीय प्रस्तुति की विभिन्न विधाओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया जाएगा। आयोजकों का मानना है कि रंगमंच के माध्यम से सीखने की यह प्रक्रिया विद्यार्थियों में आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और रचनात्मक सोच को विकसित करने में सहायक होगी।
विशेषज्ञ प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में होगा प्रशिक्षण
कार्यशाला के प्रशिक्षक सुनील चौहान हैं। इसका संचालन विद्यालय की प्रधानाचार्या अंजली मलिक के मार्गदर्शन तथा डॉ. मुकेश उपाध्याय, उप निदेशक, उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज के संरक्षण में किया जा रहा है। कार्यक्रम का निर्देशन सुदेश शर्मा द्वारा किया जा रहा है।
| मुख्य जानकारी | विवरण |
|---|---|
| कार्यक्रम | शिक्षा में रंगमंच कार्यशाला |
| स्थान | जेपी पब्लिक स्कूल, नोएडा |
| अवधि | 1 जुलाई – 30 जुलाई 2026 |
| संयुक्त आयोजन | उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, प्रयागराज एवं जेपी पब्लिक स्कूल |
| प्रशिक्षक | सुनील चौहान |
| निर्देशन | सुदेश शर्मा |
व्यावहारिक शिक्षा को मिलेगा नया आयाम
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार यह कार्यशाला विद्यार्थियों को केवल अभिनय तक सीमित नहीं रखेगी, बल्कि उन्हें प्रभावी संवाद, मंच संचालन, रचनात्मक अभिव्यक्ति और सहयोगात्मक कार्यशैली जैसे जीवनोपयोगी कौशल भी सिखाएगी। इससे छात्रों के समग्र व्यक्तित्व विकास को नई दिशा मिलेगी।
एक माह तक चलेगा प्रशिक्षण कार्यक्रम
आयोजकों के अनुसार 30 जुलाई 2026 तक चलने वाली इस कार्यशाला में विद्यार्थियों को रंगमंच की विभिन्न तकनीकों का चरणबद्ध प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे वे अपनी प्रतिभा को बेहतर ढंग से विकसित कर सकें।




