हरदोई, लक्ष्मीकान्त पाठक | वेब वार्ता
हरदोई जिले में प्रशासन की सख्ती से एक बार फिर सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा करने वालों को करारा झटका लगा है। विकास खंड कछौना की ग्राम सभा पतसेनी देहात में बच्चों के खेलने-कूदने के लिए विकसित की गई ‘नौनिहालों की वाटिका’ (पशुचर भूमि) पर रातों-रात पक्का अवैध निर्माण कर लिया गया था। बुधवार को उपजिलाधिकारी (SDM) सण्डीला नारायणी भाटिया के सख्त निर्देश पर बुलडोजर चलाकर इस अवैध निर्माण को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया।
बच्चों का खेल मैदान था भूमाफिया की नजर में
यह मामला ग्राम सभा पतसेनी देहात के गाटा संख्या 2117 से जुड़ा है, जो राजस्व अभिलेखों में स्पष्ट रूप से पशुचर भूमि के रूप में दर्ज है। तत्कालीन मुख्य विकास अधिकारी के निर्देश पर यहां बच्चों के खेलकूद, भ्रमण और मनोरंजन के लिए ‘अपनी वाटिका’ का निर्माण कराया गया था। यह स्थान ग्रामीण बच्चों के लिए एक सुरक्षित, सुंदर और उपयोगी सार्वजनिक स्थल बन चुका था, जिसकी पूरे क्षेत्र में सराहना हो रही थी।
लेकिन कुछ समय बाद ही इस सार्वजनिक भूमि पर भूमाफियाओं की नजर पड़ गई। आरोप है कि क्षेत्र में ब्लॉक स्तर पर ठेकेदारी करने वाला एक व्यक्ति प्रभाव और संरक्षण के बल पर वाटिका के पिलर तोड़कर रातों-रात एक पक्का कक्ष बना डाला। इससे न केवल सार्वजनिक संपत्ति को भारी क्षति पहुंची, बल्कि बच्चों के खेलने के स्थान पर भी अवैध कब्जा कर लिया गया।
पूर्व प्रधान की शिकायत पर प्रशासन की त्वरित कार्रवाई
जब मामले की जानकारी पूर्व ग्राम प्रधान शिवपाल को हुई, तो उन्होंने तत्काल खंड विकास अधिकारी, संबंधित राजस्व कर्मियों और जिला प्रशासन से लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत को बेहद गंभीरता से लेते हुए उपजिलाधिकारी सण्डीला नारायणी भाटिया ने तुरंत संज्ञान लिया और मौके की जांच के निर्देश दिए।
उपजिलाधिकारी के आदेश पर कानूनगो शिवरूप द्विवेदी तथा लेखपाल अनूप शुक्ला एवं अनिल शुक्ला के नेतृत्व में राजस्व टीम गठित की गई। बुधवार को प्रशासनिक अमले के साथ मौके पर पहुंचकर बुलडोजर की मदद से अवैध पक्के निर्माण को चंद मिनटों में जमींदोज कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था भी मौजूद रही।
SDM का सख्त संदेश: सार्वजनिक भूमि पर कब्जा अब बर्दाश्त नहीं
कार्रवाई के दौरान उपजिलाधिकारी नारायणी भाटिया ने दो टूक शब्दों में कहा, “ग्राम सभा, पशुचर एवं अन्य सार्वजनिक भूमि पर अवैध कब्जा किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे सभी मामलों को चिन्हित कर निरंतर अभियान चलाया जाएगा और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।”
प्रशासन की कार्रवाई से भूमाफियाओं में हड़कंप
प्रशासन की इस तेज और निर्णायक कार्रवाई से क्षेत्र में सक्रिय भूमाफियाओं में हड़कंप मच गया है। वहीं ग्रामीणों ने नौनिहालों की वाटिका को अतिक्रमण मुक्त कराए जाने पर प्रशासन की जमकर सराहना की है। यह कार्रवाई स्पष्ट संदेश देती है कि सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों के दिन अब पूरे हो चुके हैं।
निष्कर्ष: बच्चों के भविष्य के लिए प्रशासन का सख्त रवैया
यह घटना हरदोई जिले में सरकारी भूमि संरक्षण और बच्चों के खेलने के स्थान को सुरक्षित रखने के लिए प्रशासन की मजबूत इच्छाशक्ति का प्रमाण है। उपजिलाधिकारी नारायणी भाटिया के नेतृत्व में की गई यह कार्रवाई न केवल अवैध कब्जों पर लगाम लगाने में सफल रही, बल्कि ग्रामीणों में प्रशासन के प्रति विश्वास भी बढ़ाया है। अब बच्चों के खेलने की वाटिका फिर से सुरक्षित और सुंदर रूप में उपलब्ध है।
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