मुंबई, 16 मई (वेब वार्ता)। महाराष्ट्र की राजनीति में उस समय नई चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया जब राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता Sunil Tatkare ने एनसीपी (एसपी) प्रमुख Sharad Pawar से उनके दक्षिण मुंबई स्थित आवास पर मुलाकात की। हालांकि तटकरे ने इस मुलाकात को पूरी तरह गैर-राजनीतिक बताते हुए कहा कि वह केवल शरद पवार का हालचाल जानने पहुंचे थे।
तटकरे ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि शरद पवार अस्वस्थ चल रहे हैं और वह उनसे स्वास्थ्य संबंधी जानकारी लेने आए थे। उन्होंने स्पष्ट किया कि मुलाकात के दौरान किसी भी प्रकार की राजनीतिक चर्चा नहीं हुई।
बताया जा रहा है कि तटकरे गुवाहाटी से मुंबई पहुंचे थे, जहां उन्होंने Himanta Biswa Sarma के शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लिया था। इसके बाद उन्होंने शरद पवार से मुलाकात की।
यह मुलाकात इसलिए भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है क्योंकि इसी वर्ष 28 जनवरी को Ajit Pawar का बारामती में विमान दुर्घटना में निधन हो गया था। अजित पवार को शरद पवार का राजनीतिक उत्तराधिकारी माना जाता था और उनके नेतृत्व में ही वर्ष 2023 में एनसीपी में बड़ा विभाजन हुआ था।
अजित पवार की बगावत के बाद पार्टी दो हिस्सों में बंट गई थी। एक धड़ा शरद पवार के नेतृत्व में एनसीपी (एसपी) के रूप में सामने आया, जबकि दूसरा धड़ा भाजपा समर्थित महायुति सरकार के साथ चला गया था।
राजनीतिक हलकों में इस मुलाकात को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। माना जा रहा है कि करीब तीन वर्ष बाद दोनों गुटों के बीच दूरियां कम करने की कोशिशें शुरू हो सकती हैं। हालांकि अब तक किसी भी पक्ष की ओर से औपचारिक तौर पर ऐसा कोई संकेत नहीं दिया गया है।
इस मुलाकात से पहले सुनेत्रा पवार ने अपने दोनों बेटों पार्थ पवार और जय पवार को पार्टी की राष्ट्रीय कार्यसमिति में शामिल करने का ऐलान किया था, जिससे संगठन में नई हलचल देखी जा रही है।
गौरतलब है कि शरद पवार ने वर्ष 1999 में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी की स्थापना की थी। हाल ही में उन्होंने यह भी कहा था कि एनसीपी (एसपी) और एनसीपी के संभावित विलय की प्रक्रिया में कई बाधाएं मौजूद हैं। ऐसे में सुनील तटकरे की यह मुलाकात राजनीतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।




