लखनऊ, अजय कुमार | वेब वार्ता
उत्तर प्रदेश में जल्द ही केंद्र सरकार की ‘सहकार टैक्सी सेवा’ शुरू होने जा रही है। यह योजना डिजिटल युग में बढ़ती ऑनलाइन टैक्सी सेवाओं की मांग और निजी कंपनियों द्वारा वसूले जा रहे भारी कमीशन की शिकायतों को देखते हुए शुरू की जा रही है। सहकार टैक्सी मॉडल के तहत ड्राइवरों को बिना किसी कमीशन के 100 प्रतिशत लाभ मिलेगा। इससे प्रदेश के हजारों ड्राइवरों को आर्थिक सशक्तिकरण का अवसर मिलेगा।
2026 के अंत तक यूपी में लॉन्च की जाएगी सेवा
फिलहाल सहकार टैक्सी सेवा दिल्ली, गुजरात और महाराष्ट्र में सफलतापूर्वक संचालित हो रही है। अब इसे उत्तर प्रदेश में भी 2026 के अंत तक लॉन्च करने की तैयारी चल रही है। सेवा का संचालन सहकारी ढांचे पर आधारित होगा, जिससे ड्राइवरों को उनकी कमाई का पूरा लाभ मिलेगा और यात्रियों को बेहतर दरों पर विश्वसनीय सुविधा प्राप्त होगी।
वाराणसी की अनुपमा सिंह बनीं बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स की सदस्य
उत्तर प्रदेश से वाराणसी की अनुपमा सिंह को इस योजना के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स में शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि यह पहल टैक्सी ड्राइवरों के लिए वरदान साबित होगी। अनुपमा सिंह ने बताया कि “ड्राइवरों को अब अपनी मेहनत का पूरा मूल्य मिलेगा, क्योंकि सहकार टैक्सी में किसी प्रकार का कमीशन नहीं काटा जाएगा।”
यात्रियों की सुरक्षा के लिए हाईटेक फीचर
यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हर टैक्सी में पैनिक बटन लगाया जाएगा, जो आपात स्थिति में नजदीकी थाने को लोकेशन अलर्ट भेजेगा। इसके अलावा, सेवा की निगरानी के लिए 24 घंटे सक्रिय कंट्रोल रूम भी स्थापित किया जाएगा, जो किसी भी शिकायत या आकस्मिक स्थिति में तत्काल सहायता प्रदान करेगा।
- ड्राइवरों को 100% आय का लाभ – बिना किसी कमीशन के।
- यात्रियों की सुरक्षा के लिए टैक्सी में लगेगा पैनिक बटन।
- सेवा की निगरानी के लिए 24 घंटे कंट्रोल रूम की व्यवस्था।
- वाराणसी की अनुपमा सिंह बनीं सहकार टैक्सी बोर्ड की सदस्य।
‘भारत टैक्सी ऐप’ से मिलेगी सेवा
यात्रियों की सुविधा के लिए ‘भारत टैक्सी ऐप’ को गूगल प्ले स्टोर पर उपलब्ध कराया गया है। ऐप के माध्यम से यात्री आसानी से राइड बुक कर सकेंगे, भुगतान कर पाएंगे और अपनी यात्रा की रीयल-टाइम स्थिति ट्रैक कर सकेंगे। यह सेवा राज्य सरकार की समावेशी विकास और आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक और कदम मानी जा रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि सहकार टैक्सी सेवा के शुरू होने से निजी टैक्सी कंपनियों की एकाधिकार प्रवृत्ति पर अंकुश लगेगा और प्रदेश में रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। यह मॉडल डिजिटल इंडिया और वोकल फॉर लोकल के विजन को साकार करने में मददगार साबित होगा।
👉 हमारे व्हाट्सएप्प चैनल को फॉलो करें – Web Varta
ये भी पढ़ें: योगी सरकार की पहल: ग्रीन हाइड्रोजन टेक्नोलॉजी में अग्रणी बन रहा उत्तर प्रदेश




