सिद्धार्थनगर, संदीप पाण्डेय | वेब वार्ता
जनपद सिद्धार्थनगर के डुमरियागंज क्षेत्र में मकर संक्रांति एवं माघ मेला के पावन अवसर पर राप्ती नदी तट स्थित छठ घाट पर शुक्रवार को हिन्दू समरसता खिचड़ी भोज का भव्य आयोजन किया गया। कर्म योगी परिवार के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में सर्व समाज के लोगों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की और सामूहिक सहभोज के माध्यम से सामाजिक एकता और भाईचारे का सशक्त संदेश दिया।
सामूहिक खिचड़ी भोज में उमड़ा जनसैलाब
राप्ती तट पर आयोजित इस समरसता भोज में विभिन्न समुदायों के लोग एकत्रित हुए और एक साथ बैठकर खिचड़ी प्रसाद ग्रहण किया। पूरा वातावरण “जय श्रीराम” और “सनातन धर्म की जय” के नारों से गूंज उठा। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में समरसता, भाईचारा और सद्भाव को बढ़ावा देना रहा। इस अवसर पर भक्तिभाव और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला।
पूर्व विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने दिया समरसता का संदेश
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पूर्व विधायक एवं हिंदू युवा वाहिनी उत्तर प्रदेश के प्रभारी राघवेन्द्र प्रताप सिंह ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि व्रत, पर्व और त्योहार ही सनातन धर्म की जीवंतता का आधार हैं। उन्होंने कहा कि सामाजिक सद्भाव और एकता को मजबूत करने के लिए ऐसे सहभोज कार्यक्रम अत्यंत आवश्यक हैं। पूर्व विधायक ने बताया कि मकर संक्रांति से लेकर संत रविदास जयंती तक पूरे जनपद में समरसता सहभोज कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। उन्होंने कहा कि सहभोज से समाज में व्याप्त ऊंच-नीच और भेदभाव जैसी कुरीतियों का अंत होता है, जब सभी एक साथ बैठकर प्रसाद ग्रहण करते हैं तो एकता और समानता का सशक्त संदेश समाज तक पहुंचता है।
- कर्म योगी परिवार के तत्वावधान में हुआ खिचड़ी सहभोज
- पूर्व विधायक राघवेन्द्र प्रताप सिंह रहे मुख्य अतिथि
- सामाजिक एकता और समरसता का दिया गया सशक्त संदेश
भाईचारे के प्रतीक कार्यक्रम में शामिल हुए अनेक गणमान्य
समरसता भोज कार्यक्रम को लवकुश ओझा, धर्मराज वर्मा, चंद्र प्रकाश चौधरी, मधुसूदन अग्रहरि और राजेंद्र धुरिया सहित कई वक्ताओं ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन समाज में समरसता की भावना को और प्रबल करते हैं। कार्यक्रम का संचालन अभिषेक युवराज ने किया, जबकि आयोजन में नीरजमणि त्रिपाठी, दिलीप उर्फ छोटे पाण्डेय, लालजी शुक्ला, राजन अग्रहरि, अमरेंद्र त्रिपाठी, पप्पू श्रीवास्तव, संजय मिश्रा, शत्रुहन सोनी, रमेशधर द्विवेदी, राजकुमार चौधरी, अवधेश चौधरी, प्रेम पाण्डेय, धर्मेश पाण्डेय और बब्बू पाठक सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक साथ बैठकर खिचड़ी भोज का प्रसाद ग्रहण किया और सामाजिक एकता का प्रतीक यह आयोजन हर्षोल्लास के साथ संपन्न हुआ।
निष्कर्ष: समरसता से सशक्त होगा समाज
राप्ती तट पर आयोजित हिन्दू समरसता खिचड़ी भोज ने यह संदेश दिया कि जब समाज के सभी वर्ग एक साथ आते हैं, तो एकता और सद्भाव की भावना और मजबूत होती है। ऐसे आयोजन न केवल धार्मिक परंपराओं को सजीव रखते हैं, बल्कि सामाजिक सामंजस्य और भाईचारे को भी नई दिशा प्रदान करते हैं। कर्म योगी परिवार का यह प्रयास समाज में समरसता की भावना को सशक्त करने की दिशा में एक सराहनीय कदम है।





