कुशीनगर, ममता तिवारी | वेब वार्ता
उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में कुशीनगर पुलिस की सर्विलांस टीम ने एक बार फिर अपनी मुस्तैदी और तकनीकी कुशलता का परिचय देते हुए मान्यता प्राप्त पत्रकार का 11 महीने से गायब मोबाइल बिहार से बरामद कर लिया। यह मोबाइल पत्रकार भानु प्रताप तिवारी का था, जिसे अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ वर्मा और सर्विलांस टीम ने पुलिस कार्यालय में बुलाकर सौंपा। यह कार्रवाई योगी आदित्यनाथ सरकार की अपराध नियंत्रण और जनता के हितों की रक्षा करने वाली नीति का उत्कृष्ट उदाहरण है, जिससे आमजन और पत्रकारों में पुलिस के प्रति विश्वास और बढ़ा है।
घटना का विवरण: 11 महीने की मेहनत से मिली सफलता
मान्यता प्राप्त पत्रकार भानु प्रताप तिवारी ने फरवरी 2025 में पडरौना कोतवाली में अपना मोबाइल गायब होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने इसकी सूचना पुलिस अधीक्षक कार्यालय को भी दी और बरामदगी के लिए निवेदन पत्र सौंपा। अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ वर्मा ने मामले की गंभीरता को समझते हुए सर्विलांस पुलिस टीम को जिम्मेदारी सौंपी। टीम ने तकनीकी जांच और समन्वय के माध्यम से मोबाइल का पता लगाया, जो बिहार में एक महिला के पास पहुंच गया था।
सर्विलांस टीम ने बिहार जाकर मोबाइल बरामद किया और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से पूरी की। 6 जनवरी 2026 को अपर एसपी सिद्धार्थ वर्मा और टीम ने पत्रकार को पुलिस कार्यालय बुलाकर मोबाइल सौंपा। पत्रकार ने पुलिस की इस सराहनीय कार्रवाई के लिए धन्यवाद दिया और कहा कि लंबे समय बाद भी पुलिस की सक्रियता से उनका विश्वास जीता।
सर्विलांस टीम की भूमिका: तकनीक से अपराध पर लगाम
कुशीनगर पुलिस की सर्विलांस टीम ने इस मामले में आईएमईआई ट्रैकिंग और अंतरराज्यीय समन्वय का बेहतरीन उपयोग किया। यह कार्रवाई पुलिस की तकनीकी क्षमता को दर्शाती है, जो छोटे-छोटे मामलों में भी जनता की मदद करती है। अपर एसपी सिद्धार्थ वर्मा के निर्देशन में टीम ने सराहनीय कार्य किया, जिससे पुलिस की छवि और मजबूत हुई है।
पुलिस सुधार में सरकार के प्रयास
योगी आदित्यनाथ सरकार पुलिस को आधुनिक और जन-केंद्रित बनाने पर विशेष जोर दे रही है। सर्विलांस सेल को मजबूत करना, आईएमईआई ट्रैकिंग सिस्टम और अंतरराज्यीय सहयोग जैसे कदमों से चोरी, लूट और अन्य अपराधों में बरामदगी दर बढ़ी है। इन प्रयासों से जनता को त्वरित न्याय और सुरक्षा मिल रही है, जो विकास और सुशासन की दिशा में महत्वपूर्ण है। पत्रकारों जैसे संवेदनशील वर्ग की मदद से मीडिया और पुलिस के बीच विश्वास बढ़ा है।
प्रमुख तथ्य एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| पत्रकार का नाम | भानु प्रताप तिवारी |
| मोबाइल गायब तिथि | फरवरी 2025 |
| रिपोर्ट दर्ज | पडरौना कोतवाली |
| बरामदगी स्थान | बिहार (एक महिला से) |
| सौंपने की तिथि | 6 जनवरी 2026 |
| जिम्मेदार अधिकारी | अपर एसपी सिद्धार्थ वर्मा |
| टीम | सर्विलांस पुलिस टीम |
पुलिस की मुस्तैदी से बढ़ा जनविश्वास
कुशीनगर पुलिस की इस सफलता ने साबित कर दिया कि छोटे मामलों में भी पुलिस गंभीर है। 11 महीने पुराने मामले को सुलझाकर सर्विलांस टीम ने जनता के हित में उत्कृष्ट कार्य किया है। अपर एसपी सिद्धार्थ वर्मा के नेतृत्व में यह कार्रवाई सराहनीय है। योगी सरकार के प्रयासों से पुलिस जनता की ढाल बन रही है, जो सुशासन और सुरक्षा की मिसाल है। ऐसे प्रयासों से अपराध कम होंगे और जनता में पुलिस के प्रति विश्वास और मजबूत होगा। पत्रकार भानु प्रताप तिवारी को मोबाइल वापस मिलने से न्याय की भावना मजबूत हुई है।
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