कुशीनगर, ममता तिवारी | वेब वार्ता
कुशीनगर जिले के खड्डा थाना क्षेत्र में एक हृदयविदारक हादसा हुआ है। ग्राम भुजौली पूरब टोला में गुरुवार को नाबदान के पानी भरे गड्ढे में डूबने से दो मासूम बच्चों – आर्यन (5 वर्ष) और इशान (3 वर्ष) – की मौत हो गई। दोनों बच्चे क्रिकेट खेलते समय गेंद निकालने गड्ढे में उतरे थे। मौके पर पहुंची पुलिस और एसडीएम ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। यह घटना ग्रामीण क्षेत्रों में सुरक्षा उपायों की कमी को उजागर करती है, जो बच्चों की जान जोखिम में डाल रही है। प्रशासन को ऐसे गड्ढों पर तत्काल कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि आगे ऐसी दुखद घटनाएं न हों।
घटना का विवरण: खेलते-खेलते अनहोनी
पुलिस के अनुसार, भुजौली पूरब टोला निवासी रामायण का 5 वर्षीय पुत्र आर्यन पड़ोसी दीपलाल का 3 वर्षीय पुत्र इशान के साथ रामरूप सिंह के घर के पास क्रिकेट खेल रहा था। खेलते समय गेंद नाबदान के पानी स्टोर करने वाले गड्ढे में चली गई। गेंद निकालने के चक्कर में दोनों बच्चे गड्ढे में उतरे और फिसलकर डूब गए।
मौके पर जुटे ग्रामीणों ने बच्चों को बाहर निकाला और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तुर्कपट्टी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलते ही एसडीएम रामवीर सिंह और थाना प्रभारी गिरजेश उपाध्याय मौके पर पहुंचे। एसडीएम की मौजूदगी में शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया।
एसडीएम का बयान: फिसलने से हुई मौत
एसडीएम खड्डा रामवीर सिंह ने बताया कि दोनों बच्चे गेंद निकालने के प्रयास में गहरे पानी वाले गड्ढे में फिसल गए, जिससे उनकी डूबकर मौत हो गई। घटना बेहद दुखद है और परिवार को गहरा सदमा लगा है।
प्रमुख तथ्य एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| स्थान | भुजौली पूरब टोला, खड्डा थाना क्षेत्र |
| मृतक बच्चे | आर्यन (5 वर्ष), इशान (3 वर्ष) |
| कारण | नाबदान के पानी भरे गड्ढे में डूबना |
| गतिविधि | क्रिकेट खेलते समय गेंद निकालने गए |
| कार्रवाई | शव पोस्टमॉर्टम के लिए भेजे |
| मौके पर अधिकारी | एसडीएम रामवीर सिंह, थाना प्रभारी गिरजेश उपाध्याय |
यह तालिका घटना के मुख्य बिंदुओं को स्पष्ट करती है।
सुरक्षा पर सवाल: ग्रामीण क्षेत्रों में खतरा
ग्रामीण इलाकों में नाबदान और खुले गड्ढों की कमी सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है। ऐसे गड्ढों को ढकना या बैरिकेडिंग करना जरूरी है। यह घटना बच्चों की सुरक्षा पर ध्यान देने की मांग करती है। प्रशासन को अभियान चलाकर ऐसे खतरनाक स्थानों की पहचान और सुधार करना चाहिए।
निष्कर्ष: दुखद घटना, सुरक्षा की जरूरत
आर्यन और इशान की मौत पूरे क्षेत्र के लिए सदमा है। खेलते-खेलते हुई यह अनहोनी परिवारों को तोड़ गई। पुलिस और प्रशासन की जांच से कारण स्पष्ट होंगे। सरकार को ग्रामीण सुरक्षा पर विशेष ध्यान देना चाहिए। ऐसे हादसों से बचाव के लिए जागरूकता और उपाय जरूरी हैं। दिवंगत आत्माओं को शांति मिले और परिवार को इस दुख को सहन करने की शक्ति।




