Thursday, February 12, 2026
व्हाट्सएप पर हमसे जुड़ें

देवरिया जेल से पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर की रिहाई, कोर्ट के आदेश पर मिली जमानत

देवरिया, ममता तिवारी | वेब वार्ता

उत्तर प्रदेश के देवरिया जिला कारागार में निरुद्ध पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ ठाकुर को बुधवार शाम मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (सीजेएम) न्यायालय के आदेश के बाद रिहा कर दिया गया। जमानतदारों के सत्यापन के उपरांत जेल प्रशासन ने उन्हें रिहाई की अनुमति प्रदान की।

10 दिसंबर से थे जिला कारागार में निरुद्ध

पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर बीते 10 दिसंबर से जिला कारागार देवरिया में बंद थे। जेल से रिहा होने के बाद वे बिना किसी सार्वजनिक बयान के अपने रिश्तेदारों के साथ गोपनीय स्थान के लिए रवाना हो गए।

धोखाधड़ी और भूमि आवंटन से जुड़ा मामला

अमिताभ ठाकुर को धोखाधड़ी से जमीन हड़पने के आरोप में जेल भेजा गया था। मामला वर्ष 1999 में जिला उद्योग केंद्र देवरिया में हुए औद्योगिक प्लॉट आवंटन से जुड़ा है, जिसमें कथित फर्जीवाड़े के आरोप सामने आए थे।

विवरणजानकारीस्थिति
आरोपीअमिताभ ठाकुर (पूर्व आईपीएस)रिहा
जेल अवधि10 दिसंबर 2025 सेसमाप्त
मामलाऔद्योगिक प्लॉट फर्जीवाड़ाविचाराधीन
रिहाई का आधारसीजेएम कोर्ट का आदेशमान्य
संबंधित संस्थाजिला उद्योग केंद्र, देवरियाजांचाधीन
  • फर्जी दस्तावेजों के जरिए प्लॉट आवंटन का आरोप।
  • पत्नी के नाम जमीन कराने का मामला।
  • पद के दुरुपयोग की भी जांच।

पत्नी पर लगे थे गंभीर आरोप

आरोप है कि उनकी पत्नी नूतन ठाकुर ने फर्जी नाम, पता और कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से नूतन इंडस्ट्रीज के नाम से प्लॉट का आवंटन कराया था। बाद में अभिलेखों में परिवर्तन कर जमीन अपने नाम कराई गई।

जेल प्रशासन का बयान

इस संबंध में जेल अधीक्षक आशीष रंजन ने बताया कि जमानतदारों के सत्यापन के बाद सीजेएम न्यायालय से रिहाई का आदेश प्राप्त हुआ, जिसके आधार पर अमिताभ ठाकुर को जेल से रिहा किया गया।

निष्कर्ष

पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर की रिहाई के बाद यह मामला एक बार फिर चर्चा में आ गया है। हालांकि जांच और न्यायिक प्रक्रिया अभी जारी है। आने वाले समय में अदालत के फैसले से ही इस प्रकरण की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

👉 अपराध, न्यायालय और प्रदेश की ताज़ा खबरों के लिए हमारे व्हाट्सएप चैनल से जुड़ें – Web Varta

ये भी पढ़ें: 12 फरवरी की सुनवाई से पहले अमिताभ ठाकुर से मिले अधिवक्ता, जेल में की कानूनी चर्चा

Author

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img
spot_img

Latest

spot_img
spot_img

More articles

spot_img