भोपाल, विशेष संवाददाता | वेब वार्ता
मध्यप्रदेश शनिवार को विकास की दृष्टि से एक ऐतिहासिक दिन देखने जा रहा है। केन्द्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी विदिशा जिले में आयोजित भव्य कार्यक्रम में प्रदेश की 8 राष्ट्रीय राजमार्ग परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास करेंगे। इन परियोजनाओं पर कुल 4,400 करोड़ रुपये से अधिक की लागत आएगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि यह परियोजनाएं मध्य भारत और बुंदेलखंड क्षेत्र की कनेक्टिविटी को नई दिशा देंगी और राज्य की सड़क अधोसंरचना को मजबूत बनाएंगी।
181 किमी लंबी सड़कों से बढ़ेगी रफ्तार
मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग 181 किलोमीटर लंबी ये सड़क परियोजनाएं क्षेत्रीय विकास, औद्योगिक विस्तार, आवागमन की सुगमता और आर्थिक प्रगति में अहम भूमिका निभाएंगी। चार-लेन सड़कों के निर्माण से यात्रा समय घटेगा, ईंधन की बचत होगी और प्रदूषण कम होगा। कई स्थानों पर ब्लैक स्पॉट सुधार, अंडरपास और ज्यामितीय सुधार किए गए हैं, जिससे सड़क सुरक्षा और बेहतर होगी।
तीन आधुनिक ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर का शिलान्यास
सड़क सुरक्षा को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से विदिशा और सागर जिलों में तीन आधुनिक ड्राइविंग ट्रेनिंग सेंटर का भी शिलान्यास किया जाएगा। ये केंद्र युवाओं को सुरक्षित और जिम्मेदार ड्राइविंग का प्रशिक्षण देंगे तथा रोजगार के अवसर भी सृजित करेंगे। मुख्यमंत्री ने बताया कि इन परियोजनाओं से भोपाल–विदिशा–सागर–राहतगढ़–ब्यावरा जैसे प्रमुख मार्गों पर यातायात और सुगम होगा।
लोकार्पित होने वाली प्रमुख परियोजनाएं
1. अब्दुल्लागंज–इटारसी खंड (12 किमी, लागत ₹418 करोड़)
रातापानी वन्यजीव अभ्यारण्य क्षेत्र में चार लेन चौड़ीकरण की यह परियोजना यातायात जाम की समस्या खत्म करेगी और यात्रा समय में 15–30 मिनट की बचत होगी। वन्यजीव संरक्षण के लिए एनिमल अंडरपास और साउंड प्रूफ कॉरिडोर बनाए गए हैं।
2. देहगांव–बम्होरी मार्ग (27 किमी, लागत ₹60 करोड़)
इस परियोजना से ग्रामीण और किसान अपने उत्पादों को आसानी से मंडियों तक पहुंचा सकेंगे, जिससे कृषि आय में वृद्धि होगी।
शिलान्यास की जाने वाली परियोजनाएं
1. भोपाल–विदिशा खंड का 4-लेन चौड़ीकरण (41 किमी, ₹1,041 करोड़)
यह भोपाल–कानपुर कॉरिडोर का प्रमुख हिस्सा है। परियोजना से अंतर-जिला एवं अंतर-राज्यीय यातायात सुगम होगा और सांची जैसे यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल तक पहुंच में सुधार आएगा। इससे पर्यटन और व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा।
2. विदिशा–ग्यारसपुर खंड (29 किमी, ₹543 करोड़)
यह सड़क विदिशा एवं आसपास के क्षेत्रों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण मार्ग बनेगा। इससे यात्रा समय घटेगा और स्थानीय व्यापार में तेजी आएगी।
3. ग्यारसपुर–राहतगढ़ खंड (36 किमी, ₹903 करोड़)
यह परियोजना क्षेत्रीय और लंबी दूरी की कनेक्टिविटी को मजबूत करेगी। यातायात सुगम होने से माल ढुलाई और व्यापारिक गतिविधियों में तेजी आएगी।
4. राहतगढ़–बेरखेड़ी खंड (10 किमी, ₹731 करोड़)
यह परियोजना राष्ट्रीय और अंतर-राज्यीय यातायात के लिए सड़क क्षमता बढ़ाने में अहम भूमिका निभाएगी। चौड़ीकरण से दुर्घटनाओं में कमी और यात्रा की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
5. सागर वेस्टर्न बायपास (ग्रीनफील्ड, 20.2 किमी, ₹688 करोड़)
यह परियोजना NH-146 को सीधे NH-44 से जोड़ेगी, जिससे सागर शहर के भीतर का ट्रैफिक डायवर्ट होगा। इससे शहर में ट्रैफिक जाम और प्रदूषण दोनों में कमी आएगी।
6. भोपाल–ब्यावरा खंड पर 5 अंडरपास (₹122 करोड़)
पांच किमी लंबे इस खंड को ब्लैक स्पॉट सुधार योजना के तहत विकसित किया जा रहा है। अंडरपास निर्माण से स्थानीय मार्गों और नेशनल हाईवे के बीच सुरक्षित यातायात सुनिश्चित होगा।
निष्कर्ष: विकास की नई रफ्तार
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि गडकरी जी के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश का सड़क नेटवर्क अभूतपूर्व गति से विकसित हो रहा है। इन परियोजनाओं से प्रदेश में औद्योगिक, पर्यटन और कृषि क्षेत्र को नई ऊर्जा मिलेगी तथा ‘विकसित मध्यप्रदेश’ के लक्ष्य की दिशा में एक और मजबूत कदम उठाया जाएगा।
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