Tuesday, January 27, 2026
व्हाट्सएप पर हमसे जुड़ें

हम सदैव श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के दिखाए गए ज्ञान के मार्ग पर चलें: पीएम मोदी का संदेश

नई दिल्ली, (वेब वार्ता)। भारत में आज श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश पर्व श्रद्धा और भक्ति के साथ मनाया जा रहा है। इस पावन अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को शुभकामनाएं दीं और गुरु ग्रंथ साहिब जी की शिक्षाओं को जीवन में उतारने का आह्वान किया। प्रधानमंत्री ने कहा कि श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी की शाश्वत शिक्षाएं न केवल भारत में, बल्कि पूरी दुनिया में लोगों को करुणा, सेवा और विनम्रता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती हैं।

प्रधानमंत्री मोदी का संदेश

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने संदेश में लिखा:
“श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के प्रकाश पर्व के पावन अवसर पर हार्दिक बधाई। उनकी शाश्वत शिक्षाएं हमें करुणा, विनम्रता और सेवा के मूल्यों की याद दिलाती हैं। ये शिक्षाएं मानवता को एकता और सद्भाव की भावना को मजबूत करने के लिए प्रेरित करती हैं। हम सदैव श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी द्वारा दिखाए गए ज्ञान के मार्ग पर चलें और एक बेहतर ग्रह के निर्माण का प्रयास करें।”

प्रधानमंत्री का यह संदेश न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह समाज में एकता, भाईचारा और मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने का भी आह्वान है।

श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी: मानवता के लिए प्रेरणा स्रोत

गुरु ग्रंथ साहिब जी सिख धर्म का पवित्रतम ग्रंथ है, जिसमें गुरु नानक देव जी से लेकर गुरु तेग बहादुर जी तक की वाणी संकलित है। यह ग्रंथ न केवल सिखों के लिए बल्कि पूरी मानवता के लिए प्रेरणा का स्रोत है। इसमें प्रेम, समानता, भाईचारे और सत्य के मार्ग पर चलने का संदेश है।

गुरु ग्रंथ साहिब जी में स्पष्ट कहा गया है कि सभी मनुष्य एक समान हैं, चाहे उनका धर्म, जाति या रंग कुछ भी हो। इस ग्रंथ की शिक्षाएं हमें सिखाती हैं कि सेवा, करुणा और विनम्रता जीवन के मूल स्तंभ हैं।

प्रकाश पर्व का महत्व

गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश पर्व सिख धर्म में अत्यंत महत्वपूर्ण दिन है। इसे गुरबाणी के प्रकाश और ज्ञान के उत्सव के रूप में मनाया जाता है। गुरुद्वारों में विशेष दीवान सजाए जाते हैं, कीर्तन का आयोजन होता है और गुरु का लंगर वितरित किया जाता है। इस दिन श्रद्धालु गुरु ग्रंथ साहिब जी की वाणी का पाठ करते हैं और उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लेते हैं।

नेताओं ने दी शुभकामनाएं

इस अवसर पर केवल प्रधानमंत्री मोदी ही नहीं, कई केंद्रीय मंत्रियों और अन्य नेताओं ने भी शुभकामनाएं दीं।

केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने लिखा:
“श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी के प्रकाश पर्व के पावन अवसर पर सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। उनकी अमर वाणी हमें करुणा, विनम्रता और सेवा के मूल्यों का संदेश देती है जो मानवता को एकता और सद्भाव से जोड़ती है। आइए, हम उनके दिखाए मार्ग पर चलकर एक बेहतर समाज के निर्माण का संकल्प लें।”

लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने अपने संदेश में कहा:
“गुरु ग्रंथ साहिब जी के प्रकाश पर्व पर गुरु वाणी का मनन तथा सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का दिव्य उपदेश सत्य, करुणा और मानवता के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। यह दिन हम सभी को बंधुत्व, समानता और शांति का संदेश देता है।”

गुरु ग्रंथ साहिब जी की शिक्षाएं आज क्यों महत्वपूर्ण हैं?

आज के समय में जब दुनिया में असमानता, हिंसा और नफरत बढ़ रही है, तब गुरु ग्रंथ साहिब जी की शिक्षाएं पहले से कहीं ज्यादा प्रासंगिक हो गई हैं। ये शिक्षाएं न केवल धार्मिक दृष्टिकोण से बल्कि सामाजिक दृष्टिकोण से भी एक मार्गदर्शक का काम करती हैं।

  • समानता का संदेश: सभी मनुष्य बराबर हैं।

  • सेवा भाव: दूसरों की निस्वार्थ सेवा ही सच्ची भक्ति है।

  • शांति और प्रेम: हिंसा के बजाय प्रेम और भाईचारा अपनाना।

प्रधानमंत्री मोदी का संदेश क्यों महत्वपूर्ण है?

प्रधानमंत्री का यह संदेश देशवासियों को यह याद दिलाता है कि भारत की सांस्कृतिक और धार्मिक विविधता उसकी सबसे बड़ी ताकत है। ऐसे अवसरों पर दिया गया यह संदेश सामाजिक सौहार्द, शांति और एकता को मजबूत करता है।

श्री गुरु ग्रंथ साहिब जी का प्रकाश पर्व हमें यह याद दिलाता है कि जीवन का असली उद्देश्य मानवता की सेवा, प्रेम और समानता है। प्रधानमंत्री मोदी का संदेश इस बात को दोहराता है कि भारत जैसे विविधता-पूर्ण देश में केवल आपसी सम्मान और भाईचारे के माध्यम से ही हम एक बेहतर समाज और बेहतर विश्व का निर्माण कर सकते हैं।

Author

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img
spot_img

Latest

spot_img
spot_img

More articles

spot_img