नई दिल्ली, डेस्क | वेब वार्ता
केंद्रीय बजट 2026-27 के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के एक अहम ऐलान से शेयर बाजार में जबरदस्त हलचल देखने को मिली। रविवार को बजट के लिए आयोजित स्पेशल ट्रेडिंग सेशन के दौरान दोपहर के कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे निवेशकों में बेचैनी बढ़ गई।
सेंसेक्स-निफ्टी में तेज गिरावट, बाजार लाल निशान पर
कारोबार के दौरान बीएसई सेंसेक्स में 2,370.36 अंक यानी 2.88 प्रतिशत की बड़ी गिरावट आई और यह 80,000 के अहम स्तर से नीचे फिसलकर 79,899.42 अंक पर आ गया। वहीं एनएसई निफ्टी भी 748.90 अंक या 2.95 प्रतिशत टूटकर 24,571.75 अंक पर बंद हुआ।
इन शेयरों को सबसे ज्यादा नुकसान
सेंसेक्स की कंपनियों में भारत इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयरों में सबसे ज्यादा 6.50 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा भारतीय स्टेट बैंक (SBI), एचसीएल टेक, टाटा स्टील, एशियन पेंट्स और इटर्नल के शेयर भी नुकसान में रहे। वहीं दूसरी ओर सन फार्मा, कोटक महिंद्रा बैंक और टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयरों में सीमित बढ़त देखने को मिली।
STT बढ़ोतरी बनी गिरावट की बड़ी वजह
बाजार में गिरावट की मुख्य वजह बजट भाषण के दौरान सिक्योरिटीज ट्रांजैक्शन टैक्स (STT) को लेकर किया गया ऐलान माना जा रहा है। वित्त मंत्री ने फ्यूचर ट्रेड पर STT को 0.02 प्रतिशत से बढ़ाकर 0.05 प्रतिशत करने की घोषणा की। इसके साथ ही ऑप्शंस प्रीमियम पर STT को 0.10 प्रतिशत से बढ़ाकर 0.15 प्रतिशत करने का प्रस्ताव रखा गया।
शेयर बायबैक पर टैक्स से निवेशक नाराज
वित्त मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि अब सभी कैटेगरी के शेयरहोल्डर्स के लिए बायबैक से मिलने वाली रकम पर कैपिटल गेन टैक्स लगेगा। सरकार का कहना है कि इससे टैक्स ट्रीटमेंट में एकरूपता आएगी और टैक्स आर्बिट्रेज पर रोक लगेगी, लेकिन बाजार ने इस कदम को नकारात्मक रूप से लिया।
मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी दबाव
बजट ऐलानों का असर केवल मुख्य सूचकांकों तक सीमित नहीं रहा। निफ्टी मिडकैप 100 में 2.7 प्रतिशत और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 3.4 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। ब्रॉडर मार्केट में भी चौतरफा बिकवाली देखने को मिली।
- फ्यूचर और ऑप्शंस पर STT बढ़ने से ट्रेडर्स में चिंता
- शेयर बायबैक पर कैपिटल गेन टैक्स का प्रस्ताव
- मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में तेज गिरावट
बाजार के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक (FII) शुक्रवार को शुद्ध रूप से 2,251.37 करोड़ रुपये के शेयरों की खरीद कर चुके थे, इसके बावजूद बजट घोषणाओं ने निवेशकों की धारणा को झटका दिया। विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले सत्रों में बाजार की दिशा इस बात पर निर्भर करेगी कि निवेशक इन टैक्स बदलावों को किस तरह पचाते हैं।
👉 शेयर बाजार, बजट और निवेश से जुड़ी हर बड़ी खबर के लिए Web Varta WhatsApp चैनल फॉलो करें
ये भी पढ़ें: डिफेंस बजट पर ‘ऑपरेशन सिंदूर’ का असर, रिकॉर्ड 15% बढ़ोतरी; फाइटर जेट और सबमरीन खरीद को मिलेगी रफ्तार








