सिद्धार्थनगर, सन्दीप पाण्डेय | वेब वार्ता
सिद्धार्थनगर जनपद में दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के तहत जयपुर फुट शिविर का सफल समापन किया गया। जिलाधिकारी श्री शिवशरणप्पा जी.एन. के निर्देश पर आयोजित इस विशेष शिविर के माध्यम से कुल 2074 दिव्यांगजनों को कृत्रिम हाथ-पैर एवं सहायक उपकरण प्रदान किए गए।
27 जनवरी से 11 फरवरी तक चला विशेष शिविर
श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति (जयपुर फुट), नई दिल्ली शाखा द्वारा यह शिविर 27 जनवरी से 11 फरवरी 2026 तक विभिन्न विकास खण्डों और तहसीलों में आयोजित किया गया। शिविर का उद्देश्य दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना रहा।
विकास खण्डवार लाभार्थियों का विवरण
शिविर के दौरान जनपद के अलग-अलग क्षेत्रों में दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग एवं उपकरण वितरित किए गए। प्रत्येक केंद्र पर विशेषज्ञ तकनीशियनों द्वारा परीक्षण एवं फिटिंग की व्यवस्था की गई।
| तिथि | स्थान | लाभार्थी |
|---|---|---|
| 27-28 जनवरी | शोहरतगढ़ | 344 |
| 30-31 जनवरी | नौगढ़ | 306 |
| 02-03 फरवरी | बांसी | 422 |
| 05-06 फरवरी | इटवा | 383 |
| 09-10 फरवरी | डुमरियागंज | 494 |
| 11 फरवरी | नौगढ़ तहसील | 125 |
- कुल 2074 दिव्यांगजनों को लाभ मिला।
- विशेषज्ञ तकनीशियनों द्वारा उपकरण फिट किए गए।
- शिविर विभिन्न विकास खण्डों में आयोजित हुआ।
डीएम ने किया निरीक्षण, टीम को किया सम्मानित
बुधवार को नौगढ़ तहसील परिसर में आयोजित अंतिम शिविर का जिलाधिकारी श्री शिवशरणप्पा जी.एन. ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने स्वयं दिव्यांगजनों को उपकरण प्रदान किए और जयपुर फुट टीम के तकनीशियनों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। साथ ही, समिति के कार्मिकों को प्रशस्ति-पत्र देकर सम्मानित किया गया।
भविष्य की योजनाओं पर दिया जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि भविष्य में भी दिव्यांगजनों के हित में ऐसे कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जाएंगे। उन्होंने भारत सरकार द्वारा संचालित दिव्यांग पुनर्वास केंद्र में प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाने तथा जनपद में प्रधानमंत्री दिव्याशा केंद्र की स्थापना के लिए आवश्यक पत्राचार के निर्देश दिए।
निष्कर्ष
सिद्धार्थनगर में आयोजित जयपुर फुट शिविर दिव्यांगजनों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक प्रभावशाली पहल साबित हुआ है। इस शिविर से न केवल हजारों जरूरतमंदों को राहत मिली, बल्कि समाज में समावेशिता और आत्मनिर्भरता की भावना भी मजबूत हुई है।
ये भी पढ़ें: सिद्धार्थनगर: तहसील शोहरतगढ़ में सम्पूर्ण समाधान दिवस, 56 शिकायतें दर्ज, डीएम ने दिए सख्त निर्देश







