नई दिल्ली, 28 अप्रैल (वेब वार्ता)। इंडियन प्रीमियर लीग में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने दिल्ली के खिलाफ शानदार प्रदर्शन करते हुए एकतरफा जीत दर्ज की। टीम की इस जीत के नायक तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड और भुवनेश्वर कुमार रहे, जिनकी घातक गेंदबाजी ने मैच का रुख शुरुआती ओवरों में ही तय कर दिया।
आरसीबी के बल्लेबाज देवदत्त पडिक्कल ने मैच के बाद दोनों गेंदबाजों की जमकर तारीफ करते हुए कहा कि पहले छह ओवरों में बनाए गए दबाव ने दिल्ली की टीम को उबरने का मौका ही नहीं दिया।
मैच में हेजलवुड ने 12 रन देकर 4 विकेट झटके, जबकि भुवनेश्वर कुमार ने महज 5 रन देकर 3 विकेट हासिल किए। इस घातक प्रदर्शन की बदौलत दिल्ली की पूरी टीम 75 रन पर सिमट गई। इसके जवाब में बेंगलुरु ने लक्ष्य को 81 गेंद शेष रहते ही आसानी से हासिल कर लिया।
पडिक्कल ने कहा कि नई गेंद से दोनों गेंदबाजों ने शानदार नियंत्रण दिखाया और दोनों छोर से लगातार दबाव बनाए रखा। उन्होंने बताया कि ऐसी गेंदबाजी के सामने बल्लेबाजी करना बेहद मुश्किल हो जाता है और यही इस मैच में देखने को मिला।
स्लिप में फील्डिंग के अनुभव को साझा करते हुए पडिक्कल ने कहा कि उन्हें हर गेंद पर कैच आने की उम्मीद थी, जो टी20 क्रिकेट में सामान्य बात नहीं है। उनके अनुसार, जब गेंदबाज इतनी सटीक गेंदबाजी कर रहे हों, तो हर गेंद अवसर बन जाती है।
अपनी फील्डिंग में सुधार पर उन्होंने कहा कि यह अनुभव और अभ्यास का परिणाम है। शुरुआत में वह स्लिप फील्डिंग में उतने प्रभावी नहीं थे, लेकिन समय के साथ उन्होंने इसमें सुधार किया और अब बेहतर प्रदर्शन कर पा रहे हैं।
लक्ष्य का पीछा करते हुए पडिक्कल 34 रन बनाकर नाबाद रहे। वहीं विराट कोहली ने भी अहम योगदान दिया और इंडियन प्रीमियर लीग में 9,000 रन पूरे करने की उपलब्धि हासिल की।
पडिक्कल ने कहा कि छोटे लक्ष्य का पीछा करते समय तेजी से मैच खत्म करना जरूरी होता है। उन्होंने शुरुआती बल्लेबाजी की सराहना करते हुए कहा कि अच्छी शुरुआत मिलने के बाद लक्ष्य हासिल करना और आसान हो गया।
इस जीत के साथ आरसीबी ने टूर्नामेंट में अपनी स्थिति मजबूत की है और टीम के प्रदर्शन ने विरोधी टीमों के लिए चेतावनी का संकेत दे दिया है।



