नई दिल्ली, नेशनल डेस्क | वेब वार्ता
दिल्ली से मेरठ के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए एक बड़ी सौगात मिलने जा रही है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी रविवार को दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर के शेष हिस्सों का उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही मेरठ मेट्रो सेवा की भी औपचारिक शुरुआत होगी, जिससे पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों को तेज, सुरक्षित और आधुनिक परिवहन सुविधा मिलेगी।
यह परियोजना केंद्र सरकार की रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) योजना का हिस्सा है, जिसका उद्देश्य राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में यातायात दबाव कम करना और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करना है।
क्या है नमो भारत कॉरिडोर योजना
नमो भारत कॉरिडोर दिल्ली, गाजियाबाद और मेरठ को जोड़ने वाला एक आधुनिक सेमी-हाई-स्पीड रेल नेटवर्क है। इसकी कुल लंबाई लगभग 82 किलोमीटर है, जिसे चरणबद्ध तरीके से विकसित किया गया है।
इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य दैनिक यात्रियों को सड़क जाम, प्रदूषण और समय की बर्बादी से राहत देना है।
कौन-कौन से सेक्शन का होगा उद्घाटन
रविवार को जिन हिस्सों का उद्घाटन किया जाएगा, उनमें शामिल हैं —
- सराय काले खां से न्यू अशोक नगर (लगभग 5 किमी)
- मेरठ दक्षिण से मोदीपुरम (लगभग 21 किमी)
इन दोनों खंडों का कार्य पूरा हो चुका है, जिसके बाद पूरा दिल्ली-मेरठ कॉरिडोर व्यावसायिक रूप से संचालन के लिए तैयार हो गया है।
मेरठ मेट्रो को भी मिलेगी रफ्तार
नमो भारत सेवा के साथ ही 23 किलोमीटर लंबी मेरठ मेट्रो का भी शुभारंभ किया जाएगा। इसमें कुल 13 स्टेशन शामिल हैं, जो शहर के प्रमुख क्षेत्रों को जोड़ेंगे।
मेरठ मेट्रो से शहर के भीतर आवागमन आसान होगा और निजी वाहनों पर निर्भरता कम होगी।
यात्रियों को क्या होंगे मुख्य लाभ
नमो भारत कॉरिडोर और मेरठ मेट्रो से यात्रियों को कई अहम फायदे मिलेंगे —
- दिल्ली-मेरठ यात्रा समय में भारी कमी
- ट्रैफिक जाम से राहत
- ईंधन और खर्च में बचत
- पर्यावरण प्रदूषण में कमी
- सुरक्षित और आरामदायक सफर
अब दिल्ली से मेरठ का सफर करीब एक घंटे से भी कम समय में पूरा किया जा सकेगा।
क्षेत्रीय विकास को मिलेगी नई गति
विशेषज्ञों के अनुसार, इस परियोजना से पश्चिमी उत्तर प्रदेश में आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।
उद्योग, व्यापार, रियल एस्टेट, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को इस कनेक्टिविटी से बड़ा लाभ मिलेगा।
गाजियाबाद, मोदीनगर और मेरठ जैसे शहर अब राष्ट्रीय राजधानी से और अधिक मजबूती से जुड़ेंगे।
लोगों में दिखा खास उत्साह
नमो भारत कॉरिडोर के उद्घाटन को लेकर मेरठ और आसपास के क्षेत्रों में खासा उत्साह देखा जा रहा है।
यात्रियों ने इसे “गेम चेंजर प्रोजेक्ट” बताया और कहा कि इससे उनकी रोजमर्रा की जिंदगी आसान होगी।
मुख्य तथ्य एक नजर में
| विषय | विवरण |
|---|---|
| परियोजना का नाम | नमो भारत कॉरिडोर |
| कुल लंबाई | 82 किलोमीटर |
| मेरठ मेट्रो लंबाई | 23 किलोमीटर |
| मेट्रो स्टेशन | 13 |
| उद्घाटन तिथि | रविवार |
| मुख्य उद्देश्य | तेज और सुरक्षित कनेक्टिविटी |
भविष्य की योजनाएं
सरकार आने वाले वर्षों में इसी तरह के RRTS कॉरिडोर अन्य शहरों में भी विकसित करने की योजना बना रही है।
दिल्ली-अलवर और दिल्ली-पानीपत कॉरिडोर भी भविष्य की योजनाओं में शामिल हैं।
निष्कर्ष
नमो भारत कॉरिडोर और मेरठ मेट्रो का उद्घाटन उत्तर भारत के परिवहन इतिहास में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। यह परियोजना न केवल यात्रियों की सुविधा बढ़ाएगी, बल्कि क्षेत्रीय विकास, रोजगार और निवेश को भी प्रोत्साहित करेगी।
रविवार का यह उद्घाटन आधुनिक भारत के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास की दिशा में एक और मजबूत उपलब्धि साबित होगा।







