गोरखपुर, अजय कुमार | वेब वार्ता
महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री एवं गोरक्षपीठाधीश्वर योगी आदित्यनाथ ने गोरखनाथ मंदिर के शक्तिपीठ में विधि-विधान से रुद्राभिषेक कर प्रदेशवासियों के आरोग्यमय, सुखमय, समृद्ध और शांतिमय जीवन की मंगलकामना की। रविवार सुबह जनता दर्शन के उपरांत उन्होंने गोरखनाथ मंदिर, मानसरोवर मंदिर और भरोहिया स्थित पितेश्वरनाथ शिव मंदिर में दर्शन-पूजन कर दुग्धाभिषेक और जलाभिषेक किया।
गोरखनाथ मंदिर में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रुद्राभिषेक
मुख्यमंत्री ने गोरखनाथ मंदिर परिसर में स्थित शक्ति मंदिर में भगवान शिव का दूध, दही, घी, मधु और शर्करा से पंचस्नान कराया। इसके बाद शुक्ल यजुर्वेद संहिता के रुद्राष्टाध्यायी महामंत्रों के उच्चारण के साथ रुद्राभिषेक सम्पन्न हुआ। मठ के पुरोहितों और वेदपाठी ब्राह्मणों की उपस्थिति में यह अनुष्ठान पूर्ण श्रद्धा और गरिमा के साथ सम्पन्न किया गया।
- स्थान: गोरखनाथ मंदिर शक्तिपीठ
- अनुष्ठान: पंचस्नान एवं रुद्राभिषेक
- उद्देश्य: प्रदेश और समस्त चराचर जगत के कल्याण की प्रार्थना
मानसरोवर मंदिर में किया दुग्धाभिषेक-जलाभिषेक
रुद्राभिषेक के पश्चात मुख्यमंत्री अंधियारी बाग स्थित प्राचीन मानसरोवर शिव मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने भगवान भोलेनाथ को पूजन सामग्री अर्पित कर दुग्ध और जल से अभिषेक किया। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच सम्पन्न इस अनुष्ठान का समापन हवन और आरती के साथ हुआ।
| मंदिर | अनुष्ठान | विशेषता |
|---|---|---|
| गोरखनाथ शक्तिपीठ | रुद्राभिषेक | शुक्ल यजुर्वेद मंत्रोच्चार |
| मानसरोवर मंदिर | दुग्धाभिषेक, जलाभिषेक | हवन एवं आरती |
| पितेश्वरनाथ मंदिर | जलाभिषेक | पांडवकालीन मान्यता |
पितेश्वरनाथ मंदिर में जलाभिषेक, स्थानीय लोगों से मुलाकात
दोपहर बाद मुख्यमंत्री भरोहिया स्थित पितेश्वरनाथ शिव मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने विधिवत पूजन कर जलाभिषेक किया और मानव जाति के सुख-समृद्धि एवं शांति की कामना की। पांडवकालीन मान्यता वाले इस मंदिर का गोरक्षपीठ से गहरा संबंध है और परंपरा के अनुसार गोरक्षपीठाधीश्वर हर वर्ष महाशिवरात्रि पर यहां जलाभिषेक करते हैं।
मंदिर दर्शन के बाद मुख्यमंत्री ने गुरु गोरखनाथ विद्यापीठ परिसर में जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय नागरिकों से संवाद किया। बच्चों को आशीर्वाद दिया और खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन भी किया।
धार्मिक परंपरा और जनसंवाद का संदेश
महाशिवरात्रि के अवसर पर मुख्यमंत्री की यह उपस्थिति धार्मिक परंपरा और जनसंपर्क का प्रतीक मानी जा रही है। उनके साथ सांसद रविकिशन शुक्ल, महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव, विधायक फतेह बहादुर सिंह सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
निष्कर्ष
महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा गोरखनाथ मंदिर सहित विभिन्न शिवालयों में किया गया रुद्राभिषेक और जलाभिषेक धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और लोककल्याण की भावना का सशक्त संदेश देता है। प्रदेश की सुख-समृद्धि और शांति के लिए की गई यह प्रार्थना जनआस्था से जुड़ी एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
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