लखनऊ, अजय कुमार | वेब वार्ता
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) के दौरान काम के दबाव में आत्महत्या करने वाले या हार्टअटैक से मृत्यु होने वाले बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) के परिजनों को आर्थिक सहायता पहुंचाई है। शनिवार को सपा प्रदेश मुख्यालय में उन्होंने मुरादाबाद, देवरिया के तीन मृतक बीएलओ के परिजनों को 2-2 लाख रुपये के चेक सौंपे। इस दौरान अखिलेश यादव ने परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की और हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। यह कदम सपा की कर्मचारियों और उनके परिवारों के प्रति संवेदनशीलता को दर्शाता है, जो समाजवादी पार्टी की जन-केंद्रित छवि को और मजबूत करता है।
चेक वितरण: तीन परिवारों को मिली सहायता
प्रेस कॉन्फ्रेंस में अखिलेश यादव ने तीन मृतक बीएलओ के परिजनों को 2-2 लाख रुपये के चेक सौंपे:
- मुरादाबाद: बीएलओ सर्वेश सिंह जाटव (सहायक अध्यापक, कंपोजिट विद्यालय जाहिदपुर सीकमपुर ब्लाक, भगतपुर टांडा) की पत्नी श्रीमती बबली देवी को 2 लाख रुपये।
- देवरिया: लेखपाल आशीष कुमार (ग्राम धनगड़ा, पोस्ट ठेगलवा) की पत्नी कंचन को 2 लाख रुपये।
- देवरिया: बीएलओ जगदम्बा दुबे (ग्राम माझका नरायन, बूथ संख्या-7, विधानसभा रुद्रपुर) की पत्नी श्रीमती रंजू देवी को 2 लाख रुपये।
इस मौके पर विधायक श्री कमाल अख्तर तथा देवरिया जिलाध्यक्ष श्री व्यास यादव भी मौजूद रहे।
अखिलेश का संदेश: कर्मचारियों के प्रति संवेदनशीलता
अखिलेश यादव ने कहा कि SIR जैसी प्रक्रिया में कर्मचारियों पर इतना दबाव डाला गया कि कई ने अपना जीवन खो दिया। उन्होंने कहा कि सपा ने पहले ही ऐसे सभी प्रभावित बीएलओ परिवारों को 2-2 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का एलान किया था। यह सहायता न केवल आर्थिक रूप से मजबूती देगी, बल्कि सरकार की नीतियों के दबाव में आए कर्मचारियों के परिवारों को न्याय का संदेश भी देगी।
प्रमुख तथ्य एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| लाभार्थी परिवार | 3 (मुरादाबाद-1, देवरिया-2) |
| सहायता राशि | 2 लाख रुपये प्रति परिवार |
| मृतक बीएलओ | सर्वेश सिंह जाटव, आशीष कुमार, जगदम्बा दुबे |
| आयोजन स्थान | सपा प्रदेश मुख्यालय, लखनऊ |
| मौजूद जनप्रतिनिधि | विधायक कमाल अख्तर, जिलाध्यक्ष व्यास यादव |
समाजवादी पार्टी ने SIR प्रक्रिया के दौरान कर्मचारियों पर हुए दबाव को लेकर पहले ही सरकार की आलोचना की थी। अखिलेश यादव ने कहा कि जब कर्मचारी इतने दबाव में हैं कि अपना जीवन खो देते हैं, तो उनकी सरकार ने ऐसे परिवारों को सहारा देने का फैसला लिया। यह कदम सपा की कर्मचारियों के प्रति संवेदनशीलता और सामाजिक न्याय की नीति को दर्शाता है।
निष्कर्ष: कर्मचारियों के परिवारों के प्रति संवेदना
अखिलेश यादव द्वारा मृतक बीएलओ परिजनों को आर्थिक सहायता पहुंचाना समाजवादी पार्टी की जन-केंद्रित सोच का जीता-जागता प्रमाण है। यह सहायता न केवल परिवारों को आर्थिक मजबूती देगी, बल्कि सरकारी दबाव में आए कर्मचारियों के प्रति न्याय का संदेश भी देगी। सपा के ऐसे कदम विपक्ष की भूमिका को मजबूत करते हैं और जनता के बीच विश्वास बढ़ाते हैं। उम्मीद है कि सरकार भी ऐसे प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदनशीलता दिखाएगी।





