कुशीनगर के विनय जायसवाल ने पडरौना के नेत्र चिकित्सालय को लिया गोद

Vinay Jaiswal
Vinay Jaiswal of Kushinagar adopted the Eye Hospital of Padrauna

-ममता तिवारी-

कुशीनगर, 10 जून (वेबवार्ता)। अपनी नेकदिली और लीक से हटकर कार्य करने को लेकर अलग पहचान रखने वाले पडरौना नगर पालिका अध्यक्ष विनय जायसवाल ने अपने नगर पालिका क्षेत्र के नेत्र चिकित्सालय को गोद लिया है। इस संबंध में पत्र जारी कर जानकारी दी। साथ ही, उन्होंने इस चिकित्सालय पर कोविड से बचाव के लिए जरूरी संसाधनों की पहली खेप भी भेजी है।

इसकी जानकारी होने पर क्षेत्रवासियों में अस्पताल पर सुविधाएं बढ़ने की उम्मीद जगी है। जिला मुख्यालय से करीब 5 किमी दूर पडरौना मार्ग पर मौजूद नेत्र चिकित्सालय के भरोसे क्षेत्र के 87 गांवों की करीब एक लाख से अधिक आबादी आती है। यह क्षेत्र लिंक मार्ग पर है, ऐसे में इस क्षेत्र के लोगों को उपचार में दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। बुधवार को नगर चेयरमैन विनय जायसवाल ने नेत्रचिकित्सा लय का निरीक्षण किया तथा उसमें कमी को दूर करने के प्रयास करने का आश्वासन दिया।

इससे पहले भी विनय जायसवाल ने कोरोना के चलते अनाथ हुए बच्चों की मदद के लिए भी हाथ बढ़ाया था। ऐसे बच्चों के भरण-पोषण के साथ उनकी शिक्षा का भार नगरपालिका वहन करेगी। कुछ बच्चों को लाभ दिया भी जा रहा है। जिले में ऐसे ही अन्य बच्चों को चिह्नित करने का कार्य चल रहा है।

रोटी बैंक, एंबुलेंस सेवा, जनरथ सेवा के बाद नपा अध्यक्ष का यह नया कदम अनाथ बच्चों के सिर पर संवेदना का हाथ रखेगा, इससे उनके जीवन में शीतलता आएगी। ऐसे बच्चों के रहने के लिए नपा द्वारा बनाए जा रहे रैन बसेरा के छह कमरे आरक्षित किए जाएंगे। उसमें उनके लिए अन्य सुविधाओं की व्यवस्था की जाएगी। विद्यालयों में नामांकन करा शिक्षा दिलाई जाएगी। कपड़ा, भोजन आदि की समुचित व्यवस्था की जाएगी। उनके स्वास्थ्य को लेकर भी मुकम्मल इंतजाम किए जाएंगे।

अभिभावक की भूमिका निभाएगी नगर पालिका : विनय

नगर पालिका अध्यक्ष विनय जायसवाल ने कहा कि आपदा के इस समय में सभी को मिलकर मदद के लिए हाथ बढ़ाना होगा। कोरोनाकाल में जिले में बहुत सारे बच्चों ने अपने माता-पिता को खोया है। नगर पालिका ऐसे बच्चों के लिए अभिभावक की भूमिका निभाएगी। उनके भरण-पोषण, शिक्षा, स्वास्थ्य से लेकर हर तरह की जिम्मेदारी निभाएगी। इस पर अमल शुरू कर दिया गया है।

कोरोना से लड़ने के लिए हौसला सबसे जरूरी

अहिरौली थाना के प्रभारी निरीक्षक संजय सिंह कोरोना को मात देकर अब फिर से अपना फर्ज निभा रहे हैं। उन्होंने बताया कि कोरोना संक्रमण के बाद डरें नहीं, बल्कि डट कर हौसले के साथ उसका मुकाबला करें। उन्होंने बताया कि 15 दिन तक क्वारंटाइन रहा। इस दौरान कोविड प्रोटोकाल का पालन किया। चिकित्सक की सलाह पर उचित दवा ली। नियमित रूप से योग, प्रणायाम भी करता रहा। काढ़ा,फल व प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले खाद्य पदार्थो का सेवन करता रहा। सबसे बड़ी बात कि रोग के डर को कभी भी अपने ऊपर हावी नहीं होने दिया। हिम्मत बनाए रखा। अंतत: मैंने जंग जीती और कोरोना हारा।