ओवरब्रिज के लिए करेंगे आंदोलन

-रेलवे फाटक बंद होने पर परतावल मार्ग पर लगती है वाहनों की कतार

कुशीनगर, 11 सितंबर (ममता तिवारी)। उत्तर प्रदेश के कुशीनगर में कप्तानगंज कस्बे के परतावल मार्ग पर स्थित रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज का निर्माण नहीं होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे लाइन का फाटक बंद होने पर यहां वाहनों की लंबी कतार लगने से जाम की स्थिति उत्पन्न हो जा रही है। लोगों ने नाराजगी जताते हुए यहां ओवरब्रिज बनवाने की मांग की है।

बस्ती से मेंहदावल, पनियरा, परतावल, कप्तानगंज, पडरौना के रास्ते तमकुही तक जाने वाली सड़क पर अधिक आवागमन को देखते हुए शासन ने एनएच-730 में परिवर्तित कर दिया। इसके बाद दिसंबर 2018 में सड़क और नाली का निर्माण शुरू कराया, लेकिन कस्बा के रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज नहीं होने के कारण लोगों को आवागमन में काफी दिक्कतें हो रही हैं। कस्बा का कुछ हिस्सा परतावल रोड के इंदरपुर तक बसा हुआ है। कप्तानगंज रेलवे जंक्शन होने से ट्रेनों की आवाजाही अधिक रहती है।

ट्रेन आने पर बार-बार रेलवे ढाला बंद होने से लोगों को जाम का सामना करना पड़ता है। इससे कप्तानगंज कस्बा के विभिन्न विद्यालयों में पढ़ने आने वाले बच्चों समेत अन्य लोगों को आवागमन में दिक्कतें होती हैं। कस्बा के निवासी डॉ. उपेंद्र सिंह, विनोद गोविंद राव, गोलू मिश्रा, योगेंद्र सिंह, गौरीशंकर वर्मा, रामप्रीत मद्धेशिया, राम श्याम सिंह, परमजीत सिंह, रमेश जायसवाल, मोहम्मद सुलेमान, महताब अली, मिथिलेश मिश्रा, दिवाकर पांडेय, हरिनारायण शर्मा, राजेश प्रकाश सिंह आदि लोगों ने बताया कि रेलवे ढाला बंद होने के बाद रेलवे क्रॉसिंग को पार करने में काफी समय लगता है। कई बार तो यहां जाम इस कदर लगता है कि इससे निकलने में लोगों को एक से दो घंटे प्रतीक्षा करनी पड़ती है।

इसके अलावा कोई अन्य रास्ता नहीं होने से लोगों को इसी रास्ते आने-जाना पड़ता है। यहां ओवरब्रिज बनवाने के लिए कई बार मांग की गई है, लेकिन अभी तक कोई सकारात्मक कार्य नहीं किया गया है। इससे लोगों में नाराजगी है। इन लोगों ने चेताया कि यदि शीघ्र यहां ओवरब्रिज का निर्माण नहीं कराया गया तो बड़े स्तर पर आंदोलन किया जाएगा। एनएचएआई गोरखपुर के एई आरके सिंह ने बताया कि ओवरब्रिज के निर्माण के लिए रेलवे को डिजाइन भेज दिया गया है। वहां से अनुमति मिलते ही यहां ओवरब्रिज के निर्माण की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।