मैला ढोने की प्रथा समाप्त करने के लिए आई अनुदान राशि में हुई ठगी

manual scavenging

शाहजहांपुर, 06 फरवरी (राम निवास शर्मा)। तहसील जलालाबाद क्षेत्र के गांव कुइरी में बाल्मीकि समाज की महिलाओं को मैला ढोने की प्रथा छोड़ने पर केंद्र सरकार द्वारा उनके खातों में 40000-40000 रुपए का अनुदान भेजा गया था परंतु इस अनुदान की भनक लगते ही बाल्मीकि समाज के ही ठगों पंचायत विभाग के सफाई कर्मचारी बमनी निवासी गंगा प्रसाद एवं विनोद ने यह कहकर आठ 8000 रुपए उनके खातों से डिवाइस पर अंगूठा लगवा कर अपने खातों में ट्रांसफर कर लिये, और यह कहा कि पैसा उन्होंने जुगाड़ करके भिजवाया है यदि पैसा नहीं दोगे तो तुम्हारा पैसा वापस करा देंगे।

बिचारी अनपढ़ गरीब महिलाओं ने ना चाहते हुए भी उनको 8000 रुपए की डिवाइस से ठगी कर ली। आपको बता दें स्वच्छकार विमुक्ति एवं पुनर्वास योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार मैला ढोने वालों के उत्थान के लिए सरकार ने उनको 40 हजार रुपये का अनुदान भेजा हैं।

वाल्मिकी समाज के ही जालसाज नेता जिले में रहने वाले एक वकील मुरारी लाल भास्कर के इशारे पर वाल्मीकि समाज के लोगों के साथ ठगी करने से बाज नहीं आ रहे हैं। गांव कुइरी में किरण,श्रीपाल वेचेलाल सहित 5 लोगो से जालसाज आठ 8000 रुपए की ठगी कर ले गए।

पीड़ितों ने शपथ पत्र देकर शीघ्र ही जिलाधिकारी से मिलकर शिकायत करने का निर्णय लिया है। आपको बता दें जनपद शाहजहांपुर में करीब 2000 लोगों के इस योजना में पैसे आए हैं। इसको मुरारीलाल भास्कर के गुर्गों ने 8 से 10000 रुपए प्रति व्यक्ति ठगी करके लाखों रुपए का खेल कर दिया है।