AUS vs IND Adelaide Test: टीम इंडिया शर्मसार, 96 वर्ष बाद हुआ ऐसा, इन 8 रिकॉर्ड पर भी डालें नजर

Webvarta Desk: Australia vs India Test Match: ऑस्ट्रेलिया के हाथों डे-नाइट टेस्ट (AUS vs IND Test) में आठ विकेटों से मिली हार बाद भारतीय कप्तान विराट कोहली (Virat Kohli) ही नहीं, क्रिकेट फैंस भी स्तब्ध हैं।

भारतीय टीम (Team India) इस मैच (AUS vs IND Test) में दूसरी पारी में 36 रनों पर ही ढेर हो गई। यह टेस्ट की एक पारी में उसका न्यूनतम स्कोर है। इस मैच में कई ऐसे रेकॉर्ड बने, जो टीम इंडिया और उसके फैंस भूलना चाहेंगे। आइए जानें, इस डे-नाइट टेस्ट में बने रेकॉर्ड्स के बारे में…

टूटा 96 साल पुराना एक अनचाहा रेकॉर्ड

टीम इंडिया (Team India) ने एडिलेड में 96 साल का एक अनचाहा रेकॉर्ड तोड़ दिया। दूसरी पारी में मेहमान टीम का कोई भी बल्लेबाज दहाई के आंकड़े में नहीं पहुंच सका। यह वाकया टेस्ट इतिहास में दूसरी और बीते 96 साल में पहली बार हुआ है। 96 साल पहले 14 जून, 1924 को दक्षिण अफ्रीका और इंग्लैंड के बीच हुए टेस्ट मैच में दक्षिण अफ्रीकी टीम पहली पारी में 30 रन ही बना पाई थी और उसका कोई भी बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा नहीं छू सका था।

सिर्फ दूसरी बार हुआ ऐसा

इस जीत के साथ ही ऑस्ट्रेलिया ने डे-नाइट टेस्ट में अपना विजयक्रम बरकरार रखा है और साथ ही वह दूसरी ऐसी टीम बन गई है, जो डे-नाइट टेस्ट मैच की पहली पारी में पीछे रहने के बाद भी मैच जीतने में सफल रही है। इससे पहले, श्रीलंका ने 2018 में ब्रिजटॉउन में वेस्टइंडीज के खिलाफ पहली पारी में पीछे रहने के बावजूद डे-नाइट टेस्ट मैच में जीत अपने नाम की थी।

भारत का सबसे कम स्कोर

एडिलेड टेस्ट में दूसरी पारी में भारतीय 36 रन ही बना पाई। यह टेस्ट की एक पारी में भारत का सबसे कम स्कोर है। इससे पहले उसने 20 जून 1974 में लॉर्ड्स पर इंग्लैंड के खिलाफ 42 रन बनाए थे। बता दें कि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भारत महज 36 रनों पर ढेर हो गई थी।

डे-नाइट टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया की बादशाहत

इस तरह ऑस्ट्रेलिया ने डे-नाइट टेस्ट में अपनी बादशाहत बरकरार रखी है। उसने आठ मैच खेले हैं और सभी में जीत हासिल की है। भारत के साथ यह उसका पहला मैच था। साथ ही एडिलेड में यह उसका पांचवां मैच था और उसने इस मैदान पर भी अपना रेकॉर्ड कायम रखा है।

कोहली की कप्तानी में लगातार तीसरी हार

विराट कोहली की कप्तानी में भारत को पहली बार लगातार तीन टेस्ट मैचों (न्यूजीलेंड में दो हार और अब ऑस्ट्रेलिया में) में हार का सामना करना पड़ा है। भारतीय टीम इससे पहले, कोहली की कप्तानी में तीन बार लगातार दो टेस्ट मैच हार चुकी थी, लेकिन यह पहली बार है जब उसे लगातार तीन टेस्ट मैचों में हार मिली है। भारत ने 2018 में दक्षिण अफ्रीका, इंग्लैंड में और इस साल न्यूजीलैंड में मैच हारे थे।

टॉस जीतकर पहला टेस्ट हारे विराट

विराट कोहली इससे पहले टॉस जीतकर कभी टेस्ट मैच नहीं हारे थे, लेकिन एडिलेड में उनकी किस्मत पल्टी खा गई। भारत के सबसे सफल टेस्ट कप्तान कोहली ने 26वीं बार टेस्ट मैच में टॉस जीता। इससे पहले 25 मुकाबलों में भारत ने 21 जीते और चार मैच ड्रॉ रहे थे।

कोहली की कप्तानी का रेकॉर्ड

कोहली ने अब तक 56 टेस्ट मैचों में भारत की कप्तानी की है, जिसमें से उसने 33 जीते हैं और 13 हारे हैं जबकि 10 ड्रॉ रहे हैं। इन 13 मैचों में से उसे 12 मैचों में विदेश में हार मिली है जबकि केवल एक ही मैच वह घर में फरवरी 2017 में पुणे में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ हारा है। कोहली ने महेंद्र सिंह धोनी से छह टेस्ट ज्यादा जीते हैं।

1000 रन बनाने वाले तीसरे भारतीय मयंक

सलामी बल्लेबाज मयंक अग्रवाल टेस्ट में भारत के लिए सबसे तेजी से 1000 रन बनाने वाले तीसरे बल्लेबाज बन गए हैं। यह मयंक की टेस्ट में 19वीं पारी रही, जबकि 12वां टेस्ट है। मिशेल स्टार्क की गेंद पर चौका मार उन्होंने टेस्ट में अपने 1000 रन पूरे किए। मयंक का यह उनसे आगे विनोद कांबली और चेतेश्वर पुजारा हैं। कांबली ने 14 पारियों में ही एक हजार रन पूरे कर लिए थे। पुजारा ने 18 पारियों में 1000 रन बनाए थे।

कमिंस के 150 विकेट तो हेजलवुड का दोहरा शतक

जोश हेजलवुड ने टेस्ट में अपने 200 विकेट पूरे कर लिए हैं। इसी मैच में ऑस्ट्रेलिया के पैट कमिंस ने भी टेस्ट में अपने 150 विकेट पूरे किए। हेजलवुड ने रविचंद्रन अश्विन का विकेट ले 200 का आंकड़ा छुआ। हेजलवुड ऑस्ट्रेलिया के लिए 200 विकेट लेने वाले 18वें गेंदबाज बन गए हैं। कमिंस ने भारतीय कप्तान विराट कोहली को कैमरून ग्रीन के हाथों कैच करा 150 टेस्ट विकेट पूरे किए।