25.1 C
New Delhi
Monday, October 3, 2022

Weather News : दिल्ली में बादल छाए रहेंगे तो पूर्वी यूपी में बाढ़ का खतरा, जानें जम्मू से लेकर ओडिशा तक मौसम विभाग की भविष्यवाणी

नई दिल्ली : दिल्ली-एनसीआर में पिछले कुछ दिन से हुई बारिश के बाद मौसम सुहाना बना हुआ है। उत्तर प्रदेश में पिछले दिनों जोरदार बारिश होने के बाद अब भी मॉनसून की सक्रियता बरकरार है। वहीं, ओडिशा में बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवाती परिसंचरण के कम दबाव में तब्दील होने की वजह से भारी बारिश हो रही है।

मौसम विभाग ने मछुआरों की सलाह दी है कि वे मंगलवार को समुद्र में न जाएं क्योंकि उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। जम्मू-कश्मीर में अगले 24 घंटों के दौरान मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने कहा कि अगले दो दिन में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के वापस लौटने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। आईएमडी ने कहा किअगले दो दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत और कच्छ के कुछ हिस्सों से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी के लिए परिस्थितियां अनुकूल होती जा रही हैं।

दिल्ली : आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे
सोमवार को सुबह मौसम उमस भरा रहने के साथ ही न्यूनतम तापमान 24.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस मौसम का सामान्य तापमान है। मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, सुबह साढ़े आठ बजे हवा में आर्द्रता का स्तर 86 प्रतिशत रहा। मौसम वैज्ञानिकों ने दिन में आंशिक रूप से बादल छाने और अधिकतम तापमान के 34 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का पूर्वानुमान लगाया है। दिल्ली में रविवार को न्यूनतम तापमान 23.8 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 34.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।

उत्तर प्रदेश में पिछले दिनों जोरदार बारिश होने के बाद अब भी मॉनसून की सक्रियता बरकरार है। अगले 24 घंटों के दौरान राज्य के पूर्वी हिस्सों में अनेक स्थानों पर फिर बारिश होने का अनुमान है। इसी के साथ राज्य में एक बार फिर बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।मुख्यमंत्री ने गोण्डा, बस्ती, अम्बेडकरनगर, संतकबीरनगर, गोरखपुर, आजमगढ़, देवरिया, मऊ, बलिया, अयोध्या जिलों के जिलाधिकारियों और पुलिस प्रमुखों को निर्देश दिए हैं कि बाढ़ के सम्भावित खतरे को देखते हुए गांवों और शहरों में लोगों की सुरक्षा, बचाव एवं राहत के लिए व्यवस्थित इंतज़ाम कर लिए जाएं। प्रदेश के अनेक हिस्सों में पिछले दो दिन से हुई बारिश से तापमान में खासी गिरावट महसूस की गई।

जम्मू-कश्मीर में अगले 24 घंटों के दौरान मौसम शुष्क रहने का अनुमान जताया है। मौसम विभाग के एक अधिकारी ने कहा कि अगले 24 घंटों के दौरान जम्मू-कश्मीर में मौसम शुष्क रहने की संभावना है। इस बीच, श्रीनगर में सोमवार सुबह न्यूनतम तापमान 12.6 डिग्री सेल्सियस, पहलगाम में 8 डिग्री और गुलमर्ग में भी 8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। लद्दाख क्षेत्र में द्रास में 3.4 डिग्री, कारगिल में 9.6 और लेह में 5.8 डिग्री, जबकि जम्मू में 22.7 डिग्री, कटरा में 21.2 डिग्री, बटोटे में 14, बनिहाल में 9.8 और भद्रवाह में 12.6 डिग्री दर्ज किया गया।

ओडिशा के विभिन्न हिस्सों में मंगलवार को भी बारिश
बंगाल की खाड़ी में बने चक्रवाती परिसंचरण के कम दबाव में तब्दील होने की वजह से सोमवार को ओडिशा के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश दर्ज की गई। मौसम कार्यालय ने यह जानकारी दी। भुवनेश्वर स्थित मौसम कार्यालय ने बताया कि उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर सुबह मौजूद मौसम प्रणाली अगले 24 घंटे में स्पष्ट निम्न दबाव में बदलकर ओडिशा के तट की ओर बढ़ने की संभावना है। मौसम कार्यालय ने बताया कि इसके प्रभाव से बुधवार तक पूरे राज्य में भारी बारिश और आंधी की संभावना है। कार्यालय ने बताया कि भुवनेश्वर और कटक शहरों में मंगलवार को भारी बारिश का एक-दो दौर और चलने की संभावना है।

मछुआरों को समुद्र में ना जाने की सलाह
मौसम विभाग ने मछुआरों की सलाह दी है कि वे मंगलवार को समुद्र में न जाएं क्योंकि उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। आंकड़ों के मुताबिक सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे समाप्त हुए 24 घंटे के दौरान मल्कानगिरी के मैथिली में सबसे अधिक 84 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई जबकि कोरापुट के लाम्तापुर में 82.3मिमी और नबरंगपुर जिले की तेनतुलीखुंटी में 79 मिमी बारिश दर्ज की गई।

यूपी, बिहार समेत 8 राज्यों में कम बारिश
भारत में सात प्रतिशत अधिक बारिश हुई थी, लेकिन उत्तर प्रदेश और बिहार सहित आठ राज्यों में कम बारिश हुई, जिससे इस खरीफ मौसम में कृषि उत्पादन कम हो सकता है। झारखंड, दिल्ली, पंजाब, त्रिपुरा, मिजोरम और मणिपुर अन्य राज्य हैं, जहां कम वर्षा दर्ज की गई है। दक्षिण-पश्चिम मानसून का मौसम 1 जून से शुरू होता है और 30 सितंबर तक जारी रहता है। भारत में 1 जून से 19 सितंबर के बीच 872.7 मिमी बारिश हुई, जो इस अवधि में होने वाली 817.2 मिमी की सामान्य वर्षा से 7 प्रतिशत अधिक है।

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

10,370FansLike
10,000FollowersFollow
1,124FollowersFollow

Latest Articles