TRP Scam के बीच सूचना प्रसारण मंत्रालय ने जारी की TV चैनलों की अडवाइजरी, ऐसे प्रोग्रामों को कहा न

New Delhi: सूचना प्रसारण मंत्रालय (Ministry of Information and Broadcasting) ने सभी प्राइवेट टीवी चैनलों (Advisory for TV Channels) को हिदायत दी है कि वे झूठे, अर्धसत्य, अ’श्ली’ल और किसी व्यक्ति या समूह के प्रति अ’पमा’नज’नक सामग्री का प्रसारण न करें।

मंत्रालय (Ministry of Information and Broadcasting) ने इसे लेकर सभी चैनलों को अडवाइजरी (Advisory for TV Channels) जारी की है। संयोग से यह अडवाइजरी ऐसे समय जारी की गई है जब रिपब्लिक टीवी समेत कुछ टीवी चैनलों पर टीआरपी में हेरफेर (TRP Scam) करने के आरो’प लगे हैं। कुछ दिन पहले ही सुदर्शन न्यूज के एक विवा’दित प्रोग्राम का मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा था।

मंत्रालय (Ministry of Information and Broadcasting) ने अपनी अडवाइजरी (Advisory for TV Channels) में कहा है कि टीवी चैनल केबल टेलिविजन नेटवर्क (रेग्युलेशन) ऐक्ट 1995 के तहत जो प्रोग्राम कोड (टीवी कार्यक्रम संहिता) का पूरी तरह से पालन करें। इसके तहत ऐसी कोई भी सामग्री नहीं होना चाहिए जो अ’श्ली’ल, मानहानिपरक, झूठे या अर्धसत्य हों। या फिर किसी व्यक्ति, समूह, समाज के तबके, जनता या देश के नैतिक जीवन की आलोचना करने, लांछन लगाने या अपमानित करने वाली हों।

सूचना और प्रसारण मंत्रालय की ये अडवाइजरी ऐसे समय में आई है जब एक दिन पहले ही मुंबई पुलिस ने टीआरपी में हेरफेर का सनसनीखेज खुलासा किया है। इंडिया टुडे टीवी चैनल समेत कुछ चैनलों के खिलाफ टीआरपी में हेरफेर (TRP Scam) की शिकायत हुई थी।

इंडिया टुडे ने आरोपों को खारिज किया है। वहीं, मुंबई पुलिस का दावा है कि जांच में पता चला कि रिपब्लिक टीवी और 2 छोटे मराठी चैनलों ने टीआरपी बढ़ाने के लिए जिन लोगों के घरों में बैरोमीटर लगे हैं, उनमें से कई को पैसे देकर अपने-अपने चैनलों को चालू रखवाया था।

हालांकि, रिपब्लिक टीवी ने आरोपों को झूठा बताया है और कहा है कि वह मुंबई पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह के खिलाफ आपराधिक मानहानि का केस करेंगे। हाल ही में सुदर्शन टीवी के एक विवादित कार्यक्रम का मामला तो हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *