बाबरी विध्वंस केस: जोशी का बयान दर्ज, आज आडवाणी होंगे पेश, जानें केस की मुख्य बातें

New Delhi: Babri Demolition Case: अयोध्या के बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले की स्पेशल सीबीआई कोर्ट (Hearing of Babri Masjid demolition case) में सुनवाई आखिरी दौर में पहुंच चुकी है।

अभी आरोपियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। गुरुवार को बीजेपी के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी (Murli Manohar Joshi) का बयान दर्ज हुआ। अगले दिन शुक्रवार यानी आज पूर्व उप प्रधानमंत्री लाल कृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) का बयान दर्ज होने की उम्मीद है।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जोशी ने दर्ज कराया बयान

86 साल के मुरली मनोहर जोशी ने सीबीआई कोर्ट के स्पेशल जज एस. के. यादव के सामने वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए सीआरपीसी की धारा 313 के तहत अपना बयान दर्ज कराया। शुक्रवार को इसी तरीके से 92 साल के आडवाणी भी अपना बयान दर्ज करा सकते हैं।

31 अगस्त तक ट्रायल पूरा करने का सुप्रीम कोर्ट ने दिया है आदेश

इसी साल 8 मई को सुप्रीम कोर्ट ने लखनऊ के स्पेशल सीबीआई कोर्ट को 31 अगस्त तक इस केस में फैसला सुनाने का आदेश दिया था। उसके बाद से इस केस की दैनिक आधार पर नियमित सुनवाई हो रही है।

कुल 32 आरोपियों के बयान होने हैं दर्ज

बाबरी मस्जिद विध्वंस कांड में लाल कृष्ण आडवाणी, मुरली मनोहर जोशी, कल्याण सिंह, विनय कटियार, उमा भारती जैसे बीजेपी के कई दिग्गज नेता आरोपी हैं। इस मामले में सीबीआई कोर्ट में कुल 32 आरोपियों के बयान दर्ज होने हैं। अब तक 20 से ज्यादा आरोपियों के बयान दर्ज हो चुके हैं। इससे पहले 2 जुलाई को उमा भारती कोर्ट में अपना बयान दर्ज करा चुकी हैं।

क्या है पूरा मामला?

अयोध्या की बाबरी मस्जिद को लेकर विवाद था। हिंदुवादी नेताओं का दावा था कि मस्जिद श्रीराम जन्मभूमि पर बने मंदिर को तोड़कर बनी है। मस्जिद को 1528 में बाबर के कमांडर मीर बाकी ने बनवाया था। इस पर हिंदू और मुस्लिम दोनों ही अपना दावा ठोकते थे।

1885 से ही यह मामला अदालत में था। 1990 के दशक में बीजेपी नेता लाल कृष्ण आडवाणी के नेतृत्व में राम मंदिर आंदोलन जोर पकड़ने लगा। 6 दिसंबर 1992 को उन्मादी भीड़ ने मस्जिद को तोड़ दिया। इस मामले में आडवाणी, जोशी समेत कई बीजेपी नेताओ पर भड़काऊ भाषण देने के आरोप में मुकदमा दर्ज है। बाद में इस मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी गई।

49 आरोपियों में से 17 की हो चुकी है मौत

बाबरी मस्जिद विध्वंस कांड में कुल 49 लोगों को आरोपी बनाया गया। इनमें से बाला साहेब ठाकरे, अशोक सिंघल, गिरिराज किशोर, विष्णुहरी डालमिया समेत 17 आरोपियों की मौत हो चुकी है। इस तरह अब 32 आरोपी ही बचे हैं। आरोपियों में आडवाणी, जोशी, कटियार, उमा भारती, कल्याण सिंह के अलावा साध्वी ऋतंभरा, राम विलास वेदांती, साक्षी महाराज, वीएचपी लीडर चंपत राय, महंत नृत्य गोपाल दास और अन्य शामिल हैं।