LAC पर चीन कांग्रेस ने फिर सरकार को घेरा, पूछा- क्या सरकार ने चीनी कब्जे को स्वीकार कर लिया?

New Delhi: Congress Questions PM Modi on China Issue: कांग्रेस पार्टी पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा (LAC) पर चीनी हरकतों को लेकर सरकार को घेरने की जीतोड़ कोशिश कर रही है।

पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने वीडियो ट्वीट कर चीन के दुस्साहस के लिए मोदी सरकार की कमजोरियों को जिम्मेदार ठहराया और अब पार्टी प्रवक्ता रणदीप सुरजेवाला ने सरकार पर सवालों (Congress Questions PM Modi on China Issue) की बौछार कर दी है।

सुरजेवाला ने सवाल (Congress Questions PM Modi on China Issue) करते हुए कहा, ‘ये दलों का नहीं, देश का सवाल है। अगर चीनी सेना देश की सीमा पर सैन्य निर्माण कर रही है, घुसपैठ करके बैठी है, तो ये राष्ट्रीय सुरक्षा से खिलवाड़ का मामला है। इस पर कोई समझौता नहीं हो सकता।’

आरोपों और सवालों की बौछार

कांग्रेस प्रवक्ता ने तीन विषयों- मोदी सरकार का भ्रमजाल, ताजा तथ्य और पीएम से सवाल – पर पांच-पांच बिंदुओं में आरोप मढ़े और सवाल किए। उन्होंने दावा किया कि चीन अब भी भारतीय सीमा में अतिक्रमण जमाए है। सुरजेवाला ने कहा, ‘भारत की सरजमीं पर चीनी कब्जे का दुस्साहस लगातार बना है। चीन डेपसांग प्लेंस तथा पैंगोंग त्सो लेक इलाके में न केवल जबरन कब्जा बनाए है, बल्कि चीन के अतिरिक्त सैन्य निर्माण से साफ तौर से खतरे का आभास है। भारत की सरजमीं पर चीनी कब्जा नाकाबिले बर्दाश्त और नामंजूर है।’

भ्रमजाल फैला रही है मोदी सरकार: कांग्रेस

उन्होंने चीन को मुंहतोड़ जवाब देने के मुद्दे पर सरकार और सेना के साथ कांग्रेस पार्टी का समर्थन दोहराने की बात की और कहा, ‘भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा और भूभागीय अखंडता पर कोई समझौता स्वीकार नहीं हो सकता। कांग्रेस पार्टी और देशवासियों ने सेना तथा सरकार के साथ संपूर्ण समर्थन व्यक्त करते हुए यह बात बार बार दोहराई है।’ हालांकि, अगले ही पल उन्होंने मोदी सरकार को निशाने पर लिया।

सुरजेवाला ने कहा, ‘मोदी सरकार और प्रधानमंत्री चीनी दुस्साहस और कब्जे को लेकर केवल मीडिया के माध्यम से भ्रम का जाल पैदा करने में लगे हैं, न कि निर्णायक तौर से पूर्वतया स्थिति बनाए रखने का दृढ़ निर्णय लेने के। मोदी सरकार द्वारा फैलाया जा रहा भ्रमजाल न देश सेवा है और न ही राष्ट्रभक्ति।’ सुरजेवाला ने इस तरह बिंदुवार अपनी बातें रखीं और सरकार से सवाल किए…

चीनी घुसपैठ के बारे में भ्रमजाल की इस स्थिति के स्पष्ट तथ्य इस प्रकार हैं…
  • 19 जून, 2020 को प्रधानमंत्री मोदी ने सर्वदलीय बैठक में कहा कि – ‘न तो हमारी सीमा में कोई घुसा है, न ही कोई घुसा हुआ है, न ही हमारी कोई पोस्ट किसी दूसरे के कब्जे में है।’
  • 26 जून, 2020 की शाम को ही चीन में भारत के राजदूत ने भारत की न्यूज एजेंसी को कहा कि भारत उम्मीद करता है कि ‘चीन अपनी जिम्मेदारी समझ लाइन ऑफ ऐक्चुअल कंट्रोल में चीन की तरफ पीछे हट जाएगा।
  • 17 जून, 2020 को विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने लिखित तौर पर स्वीकार किया कि चीन ने गलवान घाटी में लाइन ऑफ ऐक्चुअल कंट्रोल के पार भारत की तरफ निर्माण किया है।’
  • 20 जून और 25 जून, 2020 को विदेश मंत्रालय ने अपने बयानों में स्वीकार किया कि चीन ने मई-जून, 2020 में भारतीय क्षेत्र में घुसपैठ की है।
  • 17-18 जुलाई, 2020 के रक्षामंत्री राजनाथ सिंह के दौरे के बाद 17 जुलाई, 2020 को भारत-चीन की परस्पर वार्ता पर आश्चर्यचकित ट्वीट किया कि, ‘जो कुछ भी अब तक बातचीत की प्रगति हुई है, उससे मामला हल होना चाहिए। कहां तक हल होगा, इसकी गारंटी नहीं दे सकता।’
ताजा तथ्य दर्शाते हैं कि…
  • सैटेलाईट तस्वीर से साफ है कि चीन डेपसाँग व दौलत बेग ओल्डी में निर्माण कर रहा है, जहाँ उसने LAC के पार कब्जा कर रखा है।
  • चीन पैट्रोलिंग प्वाईंट 10 से पैट्रोलिंग प्वाईंट 13 तक भारतीय क्षेत्र में पैट्रौलिंग में बाधा पैदा कर रहा है।
  • पैंगोंग त्सो में चीन ने फिंगर 8 से 4 तक भारतीय सीमा के 8 किमी अंदर कब्जा कर रखा है। वहां करीब 3000 चीनी सैनिक मौजूद हैं। इसके विपरीत भारत के फिंगर 4 पर स्थित ITBP के एडमिनिस्ट्रेटिव बेस से मोदी सरकार भारतीय सेना को पीछे हटा फिंगर 3 व 2 के बीच ले आई है।
  • चीन ने डेपसाँग के नज़दीक खुद के क्षेत्र में स्थित नारी-गुंसा नागरिक हवाई पट्टी को सैन्य हवाई पट्टी में तब्दील कर लिया है।
  • चीन ने दो सैनिकों के डिवीज़न को लद्दाख में भारतीय इलाके के नज़दीक तैनात कर रखा है व बड़ी मात्रा में युद्ध सामग्री भी जमा की है।
प्रधानमंत्री मोदी और बीजेपी सरकार से सवाल…
  1. देश के लगभग हर समाचार पत्र, आर्मी जनरल व सैटेलाईट तस्वीरों व अब रक्षा मंत्री के खुद के बयान द्वारा प्रधानमंत्री जी के हमारी सीमा में घुसपैठ न होने के दावे को क्यों झुठलाया जा रहा है? क्या प्रधानमंत्री जी ने सर्वदलीय बैठक को चीनी घुसपैठ के बारे में सही तथ्य नहीं बताए?
  2. देश के रक्षा मंत्री के इस बयान का क्या मतलब है कि चीन से बातचीत के द्वारा हल की कोई गारंटी नहीं है? क्या चीनी कब्जे को स्वीकार करते हुए मोदी सरकार ने यह मान लिया है कि वो इसका हल नहीं निकाल सकते?
  3. क्या चीन अब भी डेपसाँग सेक्टर व दौलत बेग ओल्डी सेक्टर में निर्माण कर रहा है? भारत की सीमा में हो रहे इस चीनी निर्माण के बारे हमारी सरजमीं की रक्षा हेतु मोदी सरकार क्या कदम उठा रही है?
  4. क्या चीन ने अभी भी फिंगर 4 से फिंगर 8 के पैंगोंग त्सो लेक इलाके में कब्जा बना रखा है? चीनी सेना का यह कब्जा छुड़वाने के बारे में मोदी सरकार की क्या रणनीति है?
  5. मई, 2020 से पहले की यथास्थिति बनाने व चीन को भारतीय सीमा से पीछे धकेलने में कितना समय और लगेगा व सरकार की इस बारे में नीति तथा रास्ता क्या है?
राहुल ने वीडियो जारी कर लगाए थे गंभीर आरोप

ध्यान रहे कि कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने ट्विटर पर वीडियो जारी कर दावा किया था कि मोदी सरकार के छह वर्षों में विदेश नीति, अर्थव्यवस्था और पड़ोसी देशों के साथ रिश्ते बिगड़ गए हैं। उन्होंने कहा कि चीन ने हर मोर्च पर भारत को कमजोर होता देख ही हमारी जमीन पर कब्जा करने की हिम्मत जुटाई। हालांकि, विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने राहुल गांधी के इन आरोपों का तुरंत जवाब दिया।