चीन हमारी सीमा से पीछे हटा, पीएम मोदी को देश से माफी मांगनी चाहिए- कांग्रेस

New Delhi: भारत की ओर से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल (Ajit Doval) ने लद्दाख पर मोर्चा संभालते हुए शीर्ष अधिकारियों से चर्चा की और उसके बाद चीन की सेना गलवान घाटी से पीछे हटने को मजबूर हुई। इस मामले में कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा (Congress pawan Khera) ने पीएम से माफी मांगने को कहा है।

पवन खेड़ा (Congress pawan Khera) ने कहा है कि पीएम मोदी (PM Narendra Modi) अपने पुराने बयान पर माफी मांगे, जिसमें उन्होंने कहा था कि चीन हमारी सीमा के भीतर नहीं घुसा।

कांग्रेस का सरकार पर हमला

गौरतलब है कि चीन ने आधिकारिक बयान जारी करके कबूल किया है कि भारत के साथ बढ़ते तनाव को कम करने के लिए उसने अपनी सेना को पीछे हटाने का फैसला किया है। जिस पेट्रोलिंग प्वाइंट 14 को लेकर दोनों देशों की सेना आमने-सामने थी, वहां से दोनों के जवान कुछ किलोमीटर पीछे खिसक चुके हैं। अब इस मामले में कांग्रेस ने नई मांग रख दी है। कांग्रेस का कहना है कि पीएम पिछले बयान पर माफी मांगे और खुद प्रधानमंत्री या रक्षा मंत्री देश की जनता के सामने आकर इस स्थिति को साफ करें कि अभी लद्दाख में क्या स्थिति है।

पीएम मोदी से माफी की मांग

कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा यहीं पर नहीं रूके। उन्होंने कहा, ‘उन्होंने ये भी कहा कि ‘पीएम मोदी को इस मौके का फायदा उठाना चाहिए….राष्ट्र को संबोधित करना चाहिए, देश को विश्वास में लेना चाहिए, देश से माफी मांगनी चाहिए….कहें कि हां मुझसे गलती हो गई। मैंने आपको गुमराह किया या वो कोई दूसरे शब्दों का इस्तेमाल कर सकते हैं कि अपने आकलन में मैं गलत था। ‘

पीएम मोदी के पुराने बयान पर घेरा

दरअसल पूर्वी लद्दाख इलाके में स्थित गलवान घाटी में बीती 5 मई से ही दोनों देशों के बीच गतिरोध की स्थिति बनई हुई थी। 15 जून को दोनों देशों के जवानों के बीच खूनी संघर्ष हो गया और इस संघर्ष में दोनों ही देशों के नुकसान हुआ। उसके बाद पीएम मोदी ने बयान दिया था। अब कांग्रेस पीएम मोदी से उनके पुराने बयान के लिए माफी मांगने को कहा है, जिसमें उन्होंने कहा था कि न तो कोई भारतीय इलाके में आया है और न ही किसी ने भारतीय सेना के किसी पोस्ट को कब्जा ही किया है।

सेना को किसी सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं- खेड़ा

कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने कहा है कि, ‘हमारी बहादुर सेना चाइनीज पीएलए को पीछे ढकेलने की कोशिश कर रही है और हम ये रिपोर्ट देखकर खुश हैं कि हम सफल हो गए हैं। हमें अपनी सेना पर गर्व है। सेना की क्षमता को लेकर तो हमारे मन में कभी कोई शंका ही नहीं रही है। उन्होंने पहले भी ऐसा किया है….चाहे वो पाकिस्तान हो या चीन….हमारी सेना को किसी की सर्टिफिकेट की जरूरत नहीं है।’

पीएम मोदी स्पष्ट करें

कांग्रेस ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री को देश को बताना चाहिए कि, ‘चाइनीज X (कितने किलोमीटर) किलोमीटर पीछे हट गए हैं’ और स्पष्ट करें ‘हमारा कितना इलाका अभी भी उनके कब्जे में है।’ खेड़ा ने कहा कि ‘सभी 6 या 7 प्वाइंट जिसके बारे में पढ़ रहे हैं…..उन्हें (पीएम मोदी) बाहर आना चाहिए और देश को विश्वास में लेकर स्पष्ट करना चाहिए कि न केवल उनका पिछला बयान दुर्भाग्यपूर्ण था, बल्कि हमारा कितना इलाका अभी भी उनके कब्जे में है, वो कितनी दूर तक आ गए थे और अब वे अब कितनी दूर पीछे हटे हैं।’ वे बोले कि या तो प्रधानमंत्री या रक्षा मंत्री को देश को बताना चाहिए कि ‘लद्दाख बोर्डर पर कैसे हालात हैं।’

पूरा मामला

लद्दाख के गलवान घाटी से चीनी सैनिकों को पीछे धकेलने के लिए नरेंद्र मोदी सरकार ने अपने सबसे मजबूत कूटनीतिक हथियार का प्रयोग किया था। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक केंद्र ने राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल (Ajit Doval) को मोर्चे पर लगा दिया था और उन्होंने रविवार को चीनी समकक्ष वांग यी के साथ करीब दो घंटे तक वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए बैठक की थी। भारत के सख्त रुख के बाद चीन के पास पीछे हटने का चारा भी नहीं था। भारत ने ड्रैगन को चौतरफा घेर रखा था। चीन के 59 ऐप्स पर बैन के बाद चीन पूरी तरह से हिल गया था।