Pakistan: कट्टरपंथियों ने फिर बनाया हिंदू मंदिर को निशाना, खैबर पख्तूनख्वा में की तोड़फोड़

Webvarta Desk: पाकिस्तान में हिंदू मंदिरों (Hindu Temple in Pakistan) को निशाना बनाना, अब आम बात हो गई है। यहां के खैबर पख्तूनख्वा प्रांत में बुधवार को एक बार फिर हिंदू मंदिर में तोड़फोड़ (Hindu Temple Demolished in Pakistans) की घटना सामने आई है। हैरानी की बात ये है कि अभी तक इस घटना में पुलिस ने किसी भी उपद्रवी को गिरफ्तार नहीं किया है।

खैबर पख्तूनख्वा (Khyber Pakhtunkhwa) के मुख्यमंत्री महमूद खान ने घटना को दुर्भाग्यपूर्ण करार देते हुए अपना पल्ला झाड़ लिया। विरोध बढ़ने पर उन्होंने इस मामले में पुलिस ने रिपोर्ट मांगी है और घटना में शामिल लोगों को गिरफ्तार करने का आदेश दिया है।

दूसरी तरफ जिला पुलिस अधिकारी इरफान मरवत ने कहा कि मंदिर के विस्तार कार्य का विरोध करते हुए भीड़ ने पुराने ढांचे के साथ-साथ नए निर्माण को ध्वस्त कर दिया।

हिंदू समुदाय के नेता पेशावर हारून सरबयाल ने कहा कि एक हिंदू धार्मिक नेता की समाधि मंदिर स्थल पर मौजूद है और देशभर के हिंदू परिवार हर गुरुवार को समाधि के दर्शन करते हैं। उन्होंने कहा कि इस घटना से हिंदू समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंची है।

बता दें कि पाकिस्तान में हिंदू सबसे बड़ा अल्पसंख्यक समुदाय है।आधिकारिक अनुमानों के अनुसार, पाकिस्तान में 75 लाख हिंदू रहते हैं। हालांकि, समुदाय के अनुसार, देश में 90 लाख से अधिक हिंदू रह रहे हैं।

पाकिस्तान में हिंदू मंदिरों में तोड़फोड़ की अक्सर खबरें सामने आती रहती हैं। पिछले महीने सिंध प्रांत में एक मंदिर में कट्टरपंथियों ने तोड़फोड़ की थी। यह घटना पुराने कराची के शीतलदास कंपाउंड में हुई थी। उस प्राचीन मंदिर में आसपास के रहने वाले 300 हिंदू परिवार जाते हैं।