सैटेलाइट तस्वीर ने खोली चीन की पोल… समुद्र में चीनी नेवी का गुप्त ठिकाना

New Delhi: साउथ चाइना सी (South China Sea) में अमेरिका के साथ लगातार बढ़ते त’नाव को देखते हुए चीनी सेना (Chinese Navy) ने यु’द्धपोतों और पनडुब्बियों (China Submarine) की तैनाती को बढ़ा दिया है। इससे क्षेत्रीय इलाकों की शांति और स्थिरता को भी खत’रा पैदा हो गया है।

चीन के जं’गी जहाज और पनडुब्बियां (China Submarine) क्षेत्र में अपना दबदबा कायम करने के लिए लगातार गश्त कर रही हैं। इस दौरान सैटेलाइट से ली गई चीनी सीक्रेट नेवल बेस (China Secret Naval Base) की एक तस्वीर ने अमेरिका, ताइवान और जापान की चिं’ताओं को बढ़ा दिया है।

सैटेलाइट तस्वीर से खुली चीन की पोल

प्लैनेट लैब्स की इस सैटेलाइट तस्वीर में चीन ने हैनान द्वीप (Hainan Island) के यूलिन नेवल बेस (Yulin Naval Base) पर बने एक सीक्रेट बंकर के दरवाजे पर चीन की टाइप 093 पनडुब्बी (chinese submarine cave facility) दिखाई दे रही है।

विशेषज्ञों के अनुसार, द्वीप के अंदर इस सुरंग को ऐसा बनाया गया है जिसमें किसी भी परमाणु पनडुब्बी (chinese submarine cave facility) को आसानी से छिपाया जा सकता है। चीन कई साल से इस नेवल बेस (Yulin Naval Base) का प्रयोग कर रहा है। ड्रैगन की पोल तब खुली जब टाइप 093 पनडुब्बी को इस सुरंग के दरवाजे पर सैटेलाइट ने देख लिया।

रणनीतिक रूप से अहम है यूलिन नेवल बेस

रणनीतिक रूप से अहम हैनान द्वीप (Hainan Island) फिलीपींस सागर और प्रशांत महासागर में चीन का प्रवेश द्वार है। चीन यहां से न केवल साउथ चाइना सी में पारसेल आइलैंड के ऊपर नजर रख सकता है, बल्कि ताइवान, फिलीपींस, वियतनाम जैसे देशों के खिलाफ भी कार्रवाई कर सकता है। पारसेल आईलैंज के पास ही अमेरिकी नेवी ने कुछ दिन पहले युद्धाभ्यास किया था। जिसमें, अमेरिका का एयरक्राफ्ट कैरियर यूएएस रोनाल्ड रीगन ने हिस्सा लिया था।

परमाणु शक्ति से चलती है टाइप 093 पनडुब्बी

चीन के टाइप 093 पनडुब्बी को शेंग क्लास की पनडुब्बी भी कहा जाता है। इस पनडुब्बी को चाइना शिपबिल्डिंग इंडस्ट्री कॉर्पोरेशन ने बनाया है। यह पनडुब्बी वाईजे-90 सुपरसोनिक क्रूज मिसा’इल के साथ सीजे-10 क्रूज मिसा’इल से लैस है। यह पनडुब्बी परमाणु शक्ति से चलती है, जिसके कारण समुद्र में महीनों तक यह ऑपरेशन को अंजाम देने में सक्षम है।

एशिया में किन-किन देशों को चीन से खत’रा

एशिया में चीन की विस्तारवादी नीतियों से भारत को सबसे ज्यादा खत’रा है। इसका प्रत्यक्ष उदाहरण लद्दाख में चीनी फौज के जमावड़े से मिल रहा है। इसके अलावा चीन और जापान में भी पूर्वी चीन सागर में स्थित द्वीपों को लेकर त’नाव चरम पर है।

हाल में ही जापान ने एक चीनी पनडुब्बी को अपने जलक्षेत्र से खदेड़ा था। चीन कई बार ताइवान पर भी खुलेआम सेना के प्रयोग की ध’म’की दे चुका है। इन दिनों चीनी फा’इटर जेट्स ने भी कई बार ताइवान के हवाई क्षेत्र का उल्लंघन किया है। वहीं चीन का फिलीपींस, मलेशिया, इंडोनेशिया के साथ भी वि’वा’द है।

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