महंगे प्याज ने पार किया 100 का आंकड़ा, अभी और आएगा कीमत में उछाल.. स्टॉक भी हो रहा खाली

New Delhi: प्याज (Onion Price Hiked) की कीमत बहुत तेजी से बढ़ रही है। कई शहरों में इसका भाव 100 रुपए (Onion Price Rs 100 Kg) के स्तर को पार कर गया है। नासिक रीटेल मार्केट में भी प्याज 80 रुपए किलो बिक रहा है।

माना जा रहा है कि दुर्गा पूजा के बाद कीमत (Onion Price Hiked) में और ज्यादा तेजी आएगी। कीमत में तेजी को लेकर कहा जा रहा है कि सप्लाई कम हो गई है। नाफेड (Nafed) की जानकारी के मुताबिक, सरकार के पास भी प्याज का महज 25 हजार टन का सुरक्षित भंडार (बफर स्टॉक) बचा हुआ है। यह स्टॉक नवंबर के पहले सप्ताह तक समाप्त हो जाएगा।

43 हजार टन प्याज भंडार से उतारा जा चुका है

नाफेड (Nafed) के प्रबंध निदेशक संजीव कुमार चड्ढा ने शुक्रवार को बफर स्टॉक को लेकर इसकी जानकारी दी। देश में प्याज की खुदरा कीमतें 75 रुपए किलो के पार जा चुकी हैं। ऐसे में इसकी उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा कीमतों को नियंत्रित करने के लिए नाफेड सुरक्षित भंडार से प्याज बाजार में उतार रहा है।

नाफेड (Nafed) सरकार की ओर से संकट के समय यह स्टॉक इस्तेमाल के लिए जारी करने को तैयार रहता है। नाफेड ने इस साल के लिए करीब एक लाख टन प्याज की खरीद की थी। चड्ढा ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘अभी तक बफर स्टॉक से 43 हजार टन प्याज बाजार में उतारा जा चुका है।’

25 हजार टन अभी स्टॉक में

कुछ भंडार के बर्बाद होने के बाद अभी करीब 25 हजार टन प्याज भंडार में बचा हुआ है, जो नवंबर के पहले सप्ताह तक चलेगा। इस बीच खाद्य सचिव सुधांशु पांडे ने शुक्रवार को कहा कि भारी बारिश के कारण कई मुख्य उत्पादक राज्यों में प्याज की फसल को नुकसान हुआ है। इसके चलते देश में खरीफ प्याज का उत्पादन 14 प्रतिशत घटकर 37 लाख टन रहने का अनुमान है।

उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “इस साल महाराष्ट्र, कर्नाटक और मध्य प्रदेश में बारिश की वजह से प्याज का उत्पादन करीब 37 लाख टन रहने का अनुमान है। यह पहले के 43 लाख टन के अनुमान से लगभग 6 लाख टन कम है।

15 दिसंबर तक प्याज का आयात होगा

इधर प्याज की बढ़ती कीमतों को नियंत्रित करने और जमाखोरी रोकने के लिए सरकार ने कड़े कदम उठाए हैं। थोक विक्रेताओं के लिए प्याज की स्टॉक लिमिट को 25 मीट्रिक टन और खुदरा व्यापारियों के लिए 2 मीट्रिक टन निर्धारित किया गया है।

हालांकि आयातित प्याज पर यह लिमिट लागू नहीं होगी। प्याज की कीमत पर कंट्रोल करने के लिए सरकार ने 14 सितंबर को ही इसके निर्यात पर रोक लगाने का फैसला किया था। फिलहाल सरकार ने सप्लाई में आई कमी को पूरा करने के लिए प्याज के आयात का फैसला किया है। प्याज का आयात 15 दिसंबर तक चालू रहेगा।